
लखनऊ, 30 अगस्त 2026:
यूपी में 2027 के विधानसभा चुनाव की आहट के साथ सियासी बयानबाजी का पारा लगातार चढ़ता जा रहा है। योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री एवं सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव पर एक बार फिर तीखा हमला बोला है। इस बार उनके निशाने पर अखिलेश के साथ-साथ कांग्रेस और राहुल गांधी भी रहे।
राजभर ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर अखिलेश यादव से सवाल किया कि आखिर ऐसा क्या हुआ कि उनकी और उनके ‘बॉस’ राहुल गांधी की खटपट शुरू हो गई है? राजभर ने दावा किया कि ‘लड़कों की जोड़ी’ टूटकर बिखरने वाली है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी को शायद यह एहसास होने लगा है कि यूपी में अखिलेश के साथ रहें या किसी और के साथ सरकार तो आने वाली नहीं है।
सुभासपा अध्यक्ष ने आगे कांग्रेस के नेताओं के जरिए सपा पर कथित दबाव का मुद्दा उठाया। उन्होंने लिखा कि कांग्रेस के नेता अखिलेश को राजनीति सिखाने में लग गए हैं। राजभर ने कांग्रेस के नेताओं का जिक्र करते हुए कहा कि जो कांग्रेसी कभी अखिलेश के पिता और चाचा के समय ‘दरबार’ लगाया करते थे, वही अब अखिलेश को आंख दिखाने लगे हैं।

राजभर यहीं नहीं रुके। उन्होंने अखिलेश के आम आदमी पार्टी से बढ़ती नजदीकी पर भी तंज कसा। उन्होंने लिखा कि ‘आजकल आपको झाड़ू से बहुत ज्यादा प्यार हो गया है’ और संजय सिंह को लेकर घूमने की बात कही। इसके बाद उन्होंने सपा और आप पर भ्रष्टाचार को लेकर बेहद तीखा राजनीतिक आरोप लगाया और दोनों दलों को निशाने पर लिया।
सीट बंटवारे को लेकर भी राजभर ने अखिलेश को घेरा। उन्होंने सवाल किया कि कांग्रेस को 200 सीट देने की बात पर अगर सपा नेताओं की ‘हंफरी’ छूट रही थी तो आम आदमी पार्टी को कितनी सीटें दी जाएंगी- 150 या 200? इसके साथ ही उन्होंने अखिलेश पर गठबंधन सहयोगियों को ‘लॉलीपॉप’ के भरोसे रखने का तंज कसा।
अखिलेश जी,
आख़िर ऐसा क्या हुआ कि आपकी आपके बॉस राहुल जी से खटपट शुरू हो है? ये लड़कों की जोड़ी टूटकर बिखरने वाली है।
पता चला है कि राहुल जी को लगने लगा है कि यूपी में चाहे आपके साथ रहें या किसी और के, सरकार तो आनी नहीं है। इसलिए आपके भरोसे घनघोर बेइज्जती कराने से बेहतर है कि…
— Om Prakash Rajbhar (@oprajbhar) August 30, 2026
दरअसल, राजभर पिछले कई हफ्तों से अखिलेश यादव और सपा पर लगातार हमलावर हैं। इससे पहले भी वह ‘चवन्नी’, पीडीए और 2027 के चुनाव को लेकर अखिलेश पर निशाना साध चुके हैं। हालांकि राजभर के लगातार हमलों के बावजूद अखिलेश फिलहाल उन्हें खास तवज्जो देते नजर नहीं आ रहे हैं। उनका मुख्य फोकस भाजपा तथा योगी सरकार पर हमलों को तेज करने पर है।






