
लखनऊ, 14 सितंबर 2026:
UP की राजधानी लखनऊ में पंचायत सहायकों का आंदोलन लगातार जोर पकड़ता जा रहा है। Gram Panchayats में ऑनलाइन कामकाज से लेकर विभिन्न प्रशासनिक जिम्मेदारियां संभालने वाले प्रदेशभर के हजारों पंचायत सहायक कई दिनों से ईको गार्डन में धरने पर डटे हैं। बारिश या तेज धूप के बावजूद प्रदर्शनकारियों के तेवर नरम नहीं पड़े हैं। उनके समर्थन में विभिन्न दलों के नेता पहुंच रहे हैं। सोमवार को Apna Dal कमेरावादी की नेता एवं MLA डॉ. पल्लवी पटेल धरनास्थल पहुंचीं और पंचायत सहायकों के आंदोलन को खुला समर्थन दिया।
डॉ. पल्लवी पटेल के पहुंचते ही धरनास्थल पर माहौल और गरमा गया। पंचायत सहायकों ने उनका स्वागत किया और अपनी मांगों को लेकर जमकर नारेबाजी की। विधायक ने प्रदर्शनकारियों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और उनके आंदोलन को अपना समर्थन दिया।

पंचायत सहायकों की सबसे बड़ी मांग मानदेय बढ़ाने की है। उनका कहना है कि ग्राम पंचायत स्तर पर ऑनलाइन कार्यों के साथ उन्हें कई तरह की प्रशासनिक जिम्मेदारियां भी निभानी पड़ती हैं। इसके बावजूद उन्हें वर्तमान में महज 6 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जाता है। सहायकों का कहना है कि इतनी कम राशि उनकी जिम्मेदारियों और काम के मुकाबले बेहद कम है। वे मानदेय बढ़ाकर 30 हजार रुपये प्रतिमाह करने की मांग कर रहे हैं।
धरने को संबोधित करते हुए डॉ. पल्लवी पटेल ने कहा कि यह मेरिट के आधार पर चयनित पंचायत सहायकों के रोजी-रोटी और सम्मान की लड़ाई है। उन्होंने पंचायत सहायकों की मांगों को जायज और नियम संगत बताते हुए प्रदेश सरकार से तत्काल इन्हें स्वीकार करने की मांग की।

विधायक ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि भाजपा सरकार पंचायत सहायकों की मांगों पर तत्काल सुनवाई नहीं करती है तो आर-पार की लड़ाई के साथ निर्णायक आंदोलन किया जाएगा। धरनास्थल पर अपना दल कमेरावादी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. सीएल पटेल, वरिष्ठ नेता रामशिला पटेल, प्रदेश महासचिव गगन प्रकाश यादव, अजय सिंह समेत पार्टी के अन्य नेता मौजूद रहे।






