Lucknow City

‘राजभर चाचा न्याय करो’… 8 साल से नौकरी की राह देख रहे 68,500 शिक्षक अभ्यर्थियों का मंत्री आवास पर हल्लाबोल

दरवाजे पर बैठकर लगाए नारे, पुलिस से धक्का-मुक्की, अभ्यर्थियों का आरोप- आरक्षण की गड़बड़ी मानने के बावजूद नियुक्ति क्यों नहीं? 5% छूट देकर नई चयन सूची जारी करने की मांग

लखनऊ, 28 सितंबर 2026:

यूपी की राजधानी लखनऊ में 68,500 सहायक शिक्षक भर्ती के अभ्यर्थियों का आंदोलन सोमवार को तेज हो गया। उन्होंने कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर के आवास को घेरकर प्रदर्शन किया। कई हफ्तों से लखनऊ में आंदोलन कर रहे अभ्यर्थी मंत्री के आवास के दरवाजे पर बैठ गए और ‘राजभर चाचा न्याय करो’ के नारे लगाने लगे। करीब आधे घंटे तक नारेबाजी के बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को वहां से हटाने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस और अभ्यर्थियों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई।

प्रदर्शनकारियों ने ‘ऐसी क्या मजबूरी है-आरक्षण की चोरी है’ और ‘पिछड़ा आयोग ने माना है-आरक्षण घोटाला है’ जैसे नारे लगाए। अभ्यर्थियों का आरोप है कि पुलिस ने उन्हें जबरन वहां से हटाकर ईको गार्डन भेज दिया। उन्होंने पुलिस पर कपड़े फाड़ने और बदसलूकी करने के आरोप भी लगाए। प्रदर्शन के चलते सीएम आवास से लालबत्ती चौराहे की ओर जाने वाली सड़क पर जाम की स्थिति बन गई। पुलिसकर्मी कुछ प्रदर्शनकारियों को टांगकर वहां से ले जाते भी दिखाई दिए।

lucknow-68500-assistant-teacher-aspirants-protest-om-prakash-rajbhar-residence (2)

ये भी पढ़ें:

‘8 साल से चप्पल घिस रहे, अब भर्ती शेड्यूल चाहिए’

अभ्यर्थियों का कहना है कि वर्ष 2018 में 68,500 सहायक शिक्षकों की भर्ती निकली थी। उनके मुताबिक दिव्यांग, भूतपूर्व सैनिक, अनुसूचित जाति और पिछड़ा वर्ग के अभ्यर्थियों को 5 प्रतिशत की छूट का प्रावधान था लेकिन इसका लाभ नहीं मिला। अभ्यर्थियों की मांग है कि 150 अंकों की परीक्षा में 40 प्रतिशत यानी 60 अंक को आधार मानकर परिणाम संशोधित किया जाए और नई चयन सूची जारी की जाए।

प्रदर्शन में शामिल आशुतोष वर्मा ने कहा कि जब तक भर्ती का शेड्यूल जारी नहीं होता, संघर्ष जारी रहेगा। उनका कहना है कि अभ्यर्थी आठ साल से नौकरी की उम्मीद में भटक रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि राज्य और राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग ने भी आरक्षण से जुड़ी गड़बड़ी पर आदेश दिए हैं।

अभ्यर्थियों के अनुसार 10 सितंबर को बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह और माध्यमिक शिक्षा मंत्री गुलाब देवी से उनकी मुलाकात हुई थी। बैठक में अधिकारियों की मौजूदगी में उनकी मांगों पर चर्चा हुई। अभ्यर्थियों का दावा है कि बैठक में भर्ती में गड़बड़ी की बात स्वीकार की गई थी। अब उनका सवाल है कि यदि उनकी आपत्तियों और आयोगों के आदेशों पर सरकार स्तर पर विचार हो चुका है तो नौकरी और संशोधित चयन सूची के लिए उन्हें अभी और कितना इंतजार करना होगा?

lucknow-68500-assistant-teacher-aspirants-protest-om-prakash-rajbhar-residence (3)

अभ्यर्थियों ने कहा कि वर्ष 2018 में फॉर्म भरा था। तब से नौकरी की उम्मीद में आठ साल से सिर्फ चप्पल घिस रहे हैं। हमारी मांग है कि आयोग के आदेशों का पालन हो और भर्ती का शेड्यूल जारी किया जाए।

ये भी पढ़ें  मोहनलालगंज पहुंचे कनपुरिया कॉमेडियन अन्नू अवस्थी...महफिल में गूंजे ठहाके

Rakesh Kumar Verma

राकेश कुमार वर्मा एक वरिष्ठ पत्रकार हैं। इन्हें मीडिया जगत में लगभग 31 वर्षों का व्यापक और समृद्ध अनुभव है। इन्होंने प्रिंट और डिजिटल दोनों ही माध्यमों में कार्य करते हुए अपनी मजबूत और प्रभावशाली उपस्थिति दर्ज कराई है। यूपी की राजधानी लखनऊ में स्वतंत्र भारत, राष्ट्रीय सहारा, जनसत्ता एक्सप्रेस,… More »

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Back to top button
Secret Link