Uttarakhand

मुख्य सचिव का फरमान…8 मार्च तक सभी सरकारी स्कूलों में गर्ल्स टॉयलेट का काम पूरा करें

सचिव समिति की हुई बैठक, आंगनवाड़ी, खेल और ई-ऑफिस पर रहा फोकस, वर्चुअली जुड़े रहे सभी डीएम से कहा वन डिस्ट्रिक्ट वन स्पोर्ट प्लान पर आगे बढ़ें

योगेंद्र मलिक

देहरादून, 30 दिसंबर 2025:

प्रदेश के सभी सरकारी प्राथमिक और माध्यमिक स्कूलों में 8 मार्च 2026 तक गर्ल्स टॉयलेट की व्यवस्था पूरी करने के निर्देश मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने दिए हैं। उन्होंने साफ कहा कि सिर्फ शौचालय बनाना ही काफी नहीं है, उनकी नियमित सफाई और देखरेख भी उतनी ही जरूरी है। सचिवालय में हुई सचिव समिति की बैठक में यह निर्देश दिए गए, जिसमें वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सभी जिलाधिकारी भी जुड़े रहे।

मुख्य सचिव ने कहा कि ज्यादातर स्कूलों में शौचालय तो बने हैं, लेकिन सफाई की सही व्यवस्था न होने से कई जगह वे इस्तेमाल के लायक नहीं रह जाते। इसे गंभीर मानते हुए उन्होंने शिक्षा विभाग से पूरे प्रदेश के स्कूलों के लिए टॉयलेट और सफाई व्यवस्था को लेकर जल्द एक ठोस कार्ययोजना पेश करने को कहा।

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बैठक में स्कूलों के बच्चों के लिए शैक्षणिक भ्रमण पर भी जोर दिया गया। मुख्य सचिव ने कहा कि दो से तीन दिन के ऐसे भ्रमण से बच्चे अपने राज्य की संस्कृति, भौगोलिक स्थिति और खास पहचान को बेहतर तरीके से समझ सकेंगे।

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आंगनवाड़ी केंद्रों को मजबूत करने पर भी बैठक में खास चर्चा हुई। निर्देश दिए गए कि प्रदेश के सभी आंगनवाड़ी केंद्रों को आदर्श आंगनवाड़ी केंद्रों की तर्ज पर विकसित किया जाए। इसके लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 में सीएसआर फंड का पूरा इस्तेमाल आंगनवाड़ी केंद्रों के विकास में किया जाएगा। विश्वविद्यालयों और कॉलेजों से भी आग्रह किया गया कि वे अपने आसपास के आंगनवाड़ी केंद्रों को गोद लें। साथ ही नए आंगनवाड़ी केंद्र स्कूलों के पास खोलने पर जोर दिया गया, ताकि दोनों के बीच बेहतर तालमेल बन सके।

खेलों को लेकर मुख्य सचिव ने लंबी सोच के साथ काम करने की बात कही। उन्होंने खेल विभाग को निर्देश दिए कि उपलब्ध खेल सुविधाओं का साल भर बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जाए और स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी को जल्द शुरू किया जाए। वर्ष 2036 के ओलंपिक को लक्ष्य मानते हुए अभी से 1000 से 1500 संभावित खिलाड़ियों की पहचान कर उन्हें प्रशिक्षण देने की योजना बनाने को कहा गया। जिलाधिकारियों को अपने जिले के एक प्रमुख खेल को चुनकर वन डिस्ट्रिक्ट वन स्पोर्ट के तहत आगे बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए।

मुख्य सचिव ने सभी विभागों और जिला स्तर के कार्यालयों में पूरी तरह ई-ऑफिस व्यवस्था लागू करने पर जोर दिया। बायोमैट्रिक उपस्थिति को आईएफएमएस सैलरी सिस्टम से जोड़ते हुए आधार आधारित उपस्थिति प्रणाली को पूरे प्रदेश में लागू करने के निर्देश आईटीडीए को दिए गए। https://thehohalla.com/uttarakhand-state-progress-meeting-every-month-starting-january/

इसके अलावा पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए वन स्टेट वन ग्लोबल डेस्टिनेशन के तहत 5 से 7 प्रमुख पर्यटन स्थलों को चिन्हित करने और वन डिस्ट्रिक्ट वन फेस्टिवल के जरिए स्थानीय त्योहारों को आगे लाने के निर्देश भी दिए गए।

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