लखनऊ, 29 जनवरी 2026:
उत्तर प्रदेश में सड़क दुर्घटनाओं पर नियंत्रण और यातायात व्यवस्था को सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से परिवहन विभाग द्वारा 1 से 31 जनवरी तक सड़क सुरक्षा माह मनाया जा रहा है। इस दौरान अवैध पार्किंग के खिलाफ प्रदेशभर में विशेष महा अभियान चलाया जा रहा है। विभाग एक ओर लोगों को जागरूक कर रहा है, तो दूसरी ओर नियम तोड़ने वालों पर सख्त प्रवर्तन कार्रवाई भी की जा रही है।
117 होल्डिंग एरिया किए गए चिन्हित
परिवहन आयुक्त किंजल सिंह ने बताया कि एक्सप्रेस वे, नेशनल हाईवे, स्टेट हाईवे और अन्य प्रमुख सड़कों के किनारे खड़े अवैध वाहनों से होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए गए हैं। प्रदेश में लगभग 117 पार्किंग स्थल या होल्डिंग एरिया चिन्हित किए गए हैं, ताकि वाहन चालक सुरक्षित स्थान पर वाहन खड़े कर सकें। उन्होंने बताया कि हाईवे की शोल्डर लेन या सड़क किनारे खड़े वाहन तेज रफ्तार यातायात के लिए गंभीर खतरा बनते हैं।

अवैध पार्किंग बनी दुर्घटनाओं का कारण
परिवहन आयुक्त ने कहा कि सड़क किनारे खड़े वाहन पीछे से आने वाले वाहनों के लिए अचानक रुकावट बनते हैं, जिससे गंभीर हादसे होते हैं। इसी खतरे को देखते हुए प्रवर्तन टीमों को निर्देश दिए गए हैं कि सड़कों को पूरी तरह खाली कराया जाए और वाहनों को तय होल्डिंग एरिया में खड़ा कराया जाए। इसके बाद भी नियमों का उल्लंघन करने वालों पर दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
हजारों वाहनों पर हुई जांच और कार्रवाई
परिवहन विभाग द्वारा 1 से 27 जनवरी के बीच विशेष जांच अभियान चलाया गया। इस दौरान कुल 4,949 वाहनों की जांच की गई, जिनमें से 3,488 वाहनों पर अवैध पार्किंग और अन्य यातायात नियमों के उल्लंघन में चालान किए गए। गंभीर मामलों में 55 वाहनों को मौके पर ही सीज किया गया। इसके अलावा यातायात सुचारु रखने के लिए 1,847 वाहनों को क्रेन की मदद से सड़कों से हटाया गया।
जागरूकता से भी बढ़ाई जा रही सुरक्षा
प्रवर्तन के साथ ही परिवहन विभाग जागरूकता अभियान को भी मजबूत कर रहा है। प्रदेश के अलग अलग जिलों में एनसीसी, स्काउट गाइड और स्वयंसेवी संगठनों के युवाओं को यातायात नियमों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। परिवहन आयुक्त किंजल सिंह ने कहा कि विभाग का लक्ष्य जागरूकता और सख्त कार्रवाई के माध्यम से हर नागरिक की यात्रा को सुरक्षित बनाना है। सड़क सुरक्षा माह के तहत यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।






