NationalUttar Pradesh

यूपी सरकार ने तीन गुना बढ़ाई दिव्यांग पेंशन… सरकार का दावा, कोई पात्र नहीं छूटा

सवालों के जवाब में राज्यमंत्री नरेंद्र कश्यप ने दी सदन को जानकारी, 2017 से पहले 300 थी पेंशन अब एक हजार हुई, ऑनलाइन प्रक्रिया से लेकर सीधे खाते में भुगतान तक व्यवस्था पारदर्शी, दलालों पर सख्त रुख

लखनऊ, 11 फरवरी 2026:

प्रदेश में दिव्यांगजनों की पेंशन और सुविधाओं को लेकर सरकार ने बड़ा दावा किया है। विधान परिषद में पूछे गए सवालों के जवाब में पिछड़ा वर्ग कल्याण एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार नरेन्द्र कश्यप ने कहा कि अब किसी भी पात्र दिव्यांग को योजना से वंचित नहीं रखा जा रहा। उनके मुताबिक विभाग में धन की कोई कमी नहीं है और पात्र लोगों को पूरा लाभ दिया जा रहा है।

सरकार ने बताया कि वर्ष 2017 से पहले दिव्यांग पेंशन 300 रुपये प्रतिमाह थी। इसे बढ़ाकर 1000 रुपये प्रति माह कर दिया गया है। यह राशि लाभार्थियों के बैंक खाते में पीएफएमएस पोर्टल के जरिए सीधे भेजी जाती है, जिससे बीच में गड़बड़ी की गुंजाइश कम हो जाती है।

यूडीआईडी कार्ड भारत सरकार के स्वावलंबन पोर्टल के जरिए जारी किए जाते हैं। सिद्धार्थनगर जिले में 31 जनवरी 2026 तक 24,414 दिव्यांगजनों को यूडीआईडी कार्ड जारी किए जा चुके हैं। वित्तीय वर्ष 2025-26 में 14,356 पात्र दिव्यांगजनों को पेंशन दी गई है। इसके अलावा 153 लोगों को कुष्ठावस्था पेंशन और 321 लोगों को कृत्रिम अंग व सहायक उपकरण उपलब्ध कराए गए हैं। 31 दिसंबर 2025 तक किसी पात्र लाभार्थी का मामला लंबित नहीं बताया गया है।

WhatsApp Image 2026-02-11 at 11.34.45 AM

सरकार ने साफ किया कि यूडीआईडी कार्ड होना ही पेंशन पाने के लिए काफी नहीं है। पेंशन के लिए कम से कम 40 प्रतिशत दिव्यांगता जरूरी है। साथ ही ग्रामीण क्षेत्र में वार्षिक आय 46,080 रुपये और शहरी क्षेत्र में 56,460 रुपये से कम होनी चाहिए। लाभार्थी किसी अन्य पेंशन योजना का फायदा नहीं ले रहा हो, यह भी शर्त है। आवेदन एकीकृत सामाजिक पेंशन पोर्टल पर ऑनलाइन किया जाता है। इसके बाद जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी जांच कर मंजूरी देते हैं।

नरेन्द्र कश्यप ने कहा कि विभाग में दलालों या भ्रष्टाचार के लिए कोई जगह नहीं है। किसी भी स्तर पर शिकायत मिलने पर जांच कर सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए गए हैं कि जो दिव्यांगजन दफ्तर नहीं पहुंच सकते, उनके घर जाकर आवेदन की प्रक्रिया पूरी कराई जाए। सदन को यह भी बताया गया कि विशेष विद्यालयों और महाविद्यालयों में शिक्षकों की पदोन्नति से जुड़े प्रस्ताव उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग को भेजे जा चुके हैं और प्रक्रिया जारी है।

ये भी पढ़ें  US Visa : अब अमेरिका जाना इतना आसान नहीं, वीज़ा नियम बदले!

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Back to top button
Secret Link