राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 24 अप्रैल 2026:
उत्तराखंड में डिजिटल जनगणना 2027 के पहले चरण की शुरुआत 25 अप्रैल से होने जा रही है। यह चरण मकान सूचीकरण और मकानों की गणना पर आधारित होगा, जो 24 मई तक चलेगा। इस दौरान ‘हर द्वार दस्तक’ अभियान के तहत प्रगणक घर-घर पहुंचकर जानकारी जुटाएंगे।
जनगणना कार्य निदेशालय में शुक्रवार को आयोजित पत्रकार वार्ता में निदेशक इवा आशीष श्रीवास्तव ने तैयारियों की पूरी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 10 से 23 अप्रैल के बीच प्रदेश में 62,000 से ज्यादा लोगों ने डिजिटल माध्यम से स्व-गणना पूरी की है। इनमें देहरादून जिले में 10,884 लोगों ने सबसे अधिक हिस्सा लिया।
उन्होंने बताया कि इस बड़े अभियान के लिए 20,859 प्रगणक और 3,670 पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं। सभी को 555 प्रशिक्षण बैचों में प्रशिक्षित किया गया है, जिसमें मोबाइल एप आधारित प्रक्रिया का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी शामिल है।
अधिकारियों के मुताबिक राज्य को 29,567 हाउस लिस्टिंग ब्लॉक्स में बांटा गया है और इनके डिजिटल मानचित्र तैयार किए गए हैं। सीएमएमएस पोर्टल के जरिए ब्लॉक्स का आवंटन भी पूरी तरह ऑनलाइन किया गया है, जिससे प्रगणकों को अपने क्षेत्र की जानकारी मोबाइल पर उपलब्ध रहेगी।
इस चरण में प्रगणक हर घर से 33 सवालों के जरिए आवास, सुविधाएं और परिसंपत्तियों से जुड़ा डेटा जुटाएंगे। यह पहली बार है जब पूरी जनगणना मोबाइल एप आधारित डिजिटल सिस्टम से की जा रही है। निदेशक ने लोगों से अपील की कि वे प्रगणकों को सही जानकारी दें ताकि यह राष्ट्रीय स्तर का अभियान सफलतापूर्वक पूरा हो सके। इस मौके पर जनगणना निदेशालय से एसएस नेगी (संयुक्त निदेशक), तान्या सेठ (उप निदेशक), आरके बनवारी (उप निदेशक), प्रवीण कुमार (उप निदेशक) समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।






