अयोध्या, 20 फरवरी 2026:
रामनगरी अयोध्या में विकसित की जा रही ग्रीनफील्ड टाउनशिप अब तेजी से जमीन पर आकार लेती दिख रही है। उत्तर प्रदेश आवास विकास परिषद की इस बड़ी परियोजना को शहर के भविष्य की नई पहचान माना जा रहा है। योजना का मकसद अयोध्या को सिर्फ धार्मिक नगरी नहीं, बल्कि आधुनिक सुविधाओं से लैस रहने और निवेश का बड़ा केंद्र बनाना है।
करीब 1407 एकड़ में प्रस्तावित इस योजना में फिलहाल लगभग 720 एकड़ जमीन पर परिषद को भौतिक कब्जा मिल चुका है। यह इलाका श्रीराम जन्मभूमि मंदिर से करीब 4.5 किलोमीटर दूर, एनएच-27 बायपास के पास सरयू नदी के किनारे स्थित है।
परियोजना से जुड़े अधिकारियों के अनुसार भूमि विकास और अधिग्रहण का काम तेजी से चल रहा है। इलाके में ट्रंक रोड, ट्रंक ड्रेन, केबल डक्ट, बाहरी विद्युतीकरण, आंतरिक सड़कें, सब-स्टेशन और पंप हाउस जैसे बड़े निर्माण कार्य जारी हैं। इन कामों के पूरा होने के साथ ही पूरे क्षेत्र का स्वरूप तेजी से बदल रहा है और आधुनिक शहर की बुनियाद मजबूत हो रही है।
टाउनशिप में अलग-अलग राज्यों की मौजूदगी भी देखने को मिलेगी। गुजरात, उत्तराखंड, महाराष्ट्र और गोवा सरकार को राज्य भवन बनाने के लिए भूखंड आवंटित किए जा चुके हैं। इससे अयोध्या में सांस्कृतिक गतिविधियां बढ़ेंगी और धार्मिक पर्यटन को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है।
धार्मिक संस्थानों के लिए भी 21 भूखंड दिए जा चुके हैं, जहां मठ और आश्रम विकसित होंगे। वहीं होटल और आतिथ्य क्षेत्र में निवेश को देखते हुए 9 प्लॉट होटल निर्माण के लिए आवंटित किए गए हैं। आने वाले समय में यहां फाइव स्टार होटल समेत कई आधुनिक ठहरने की सुविधाएं विकसित होंगी।
आवासीय सेक्टर में लोगों की दिलचस्पी साफ नजर आ रही है। 100 से 200 वर्ग मीटर तक के करीब 300 रिहायशी प्लॉट का आवंटन पूरा हो चुका है। इनमें 100, 150 और 200 वर्ग मीटर के भूखंड शामिल हैं। 2025 के आखिर में हुई ड्रॉ और नंबरिंग प्रक्रिया के बाद कई आवंटियों को आवंटन पत्र भी मिल चुके हैं।
रेरा पंजीकृत इस टाउनशिप में अंडरग्राउंड यूटिलिटी सिस्टम, 36 मीटर चौड़ी सड़कें और ग्रीन-ब्लू कॉरिडोर जैसी सुविधाएं विकसित की जा रही हैं, जहां तालाब और हरित क्षेत्र भी तैयार होंगे। इसके अलावा वेलनेस हब, हाईटेक पार्क और सुपर स्पेशियलिटी मेडिकल सेंटर जैसी योजनाएं भी शामिल हैं। सोलर ऊर्जा और पर्यावरण संतुलन को ध्यान में रखते हुए इसे सस्टेनेबल मॉडल पर विकसित किया जा रहा है।
राम मंदिर बनने के बाद अयोध्या में पर्यटन और निवेश तेजी से बढ़ा है और यह टाउनशिप उस विकास को नई दिशा देने वाली मानी जा रही है। इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी, रोजगार के मौके बढ़ेंगे और रियल एस्टेट सेक्टर में भी नई हलचल देखने को मिलेगी।






