सीतापुर, 23 नवंबर 2025:
सदरपुर थाना क्षेत्र के खम्हरिया नानकारी गांव में तीन महीने पुराने संदिग्ध मौत के मामले में एक नया मोड़ आ गया है। जिलाधिकारी के आदेश के बाद मृतक रंजीत का शव कब्र से निकालकर दोबारा पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। इस दौरान महमूदाबाद तहसील प्रशासन और सदरपुर पुलिस की टीम मौके पर मौजूद रही।
बता दें कि 26 अगस्त को सुरेश के 28 वर्षीय बेटे रंजीत का शव दिबियापुर तालाब के पास एक पेड़ से संदिग्ध हालात में लटका मिला था। रंजीत लखनऊ में रहकर मजदूरी करता था। पुलिस ने और शव का पोस्टमार्टम करवाया था। 27 अगस्त को पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद जब शव गांव लाया गया, तो परिजनों ने अंतिम संस्कार से इंकार कर दिया था। उनका आरोप था कि रंजीत की हत्या कर उसे फांसी पर लटकाया गया है।
मृतक के पिता सुरेश ने गांव के तीन युवकों प्रदीप, दिलीप और बबलू पर पुराने विवाद के चलते हत्या का आरोप लगाया था। परिवार ने यह दावा भी किया कि मरने से पहले रंजीत ने एक ऑडियो मैसेज भेजकर इन्हीं युवकों से धमकी मिलने की बात कही थी। इसी आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
अब एक बार फिर मृतक के पिता सुरेश ने पहली पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर संदेह जताते हुए आरोप लगाया कि डॉक्टर ने पैसे लेकर वास्तविक तथ्यों को छिपाया है। शिकायत की गंभीरता को देखते हुए डीएम ने मामले का पुनर्मूल्यांकन किया और दोबारा पोस्टमार्टम कराने का निर्देश दिया। इसी क्रम में शव को दोबारा पोस्टमार्टम के लिए कब्र से निकाला गया।






