सीतापुर, 28 मई 2026:
तीर्थ नगरी नैमिषारण्य में पुरुषोत्तम मास की पद्मिनी एकादशी पर चक्रतीर्थ भक्ति और आस्था की रोशनी से जगमगा उठा। सनातन ऋषि सत्संग महाआरती सेवा समिति की ओर से आयोजित दीपोत्सव में चक्रतीर्थ को 2100 दीपों से सजाया गया। दीपों की सुनहरी आभा से पूरा तीर्थ परिसर देर रात तक दमकता रहा।
अष्टकोणीय महाआरती को इस बार विशेष रूप दिया गया। वैदिक मंत्रोच्चार, घंटों की गूंज और शंखध्वनि के बीच श्रद्धालुओं ने महाआरती में हिस्सा लिया। चक्रतीर्थ के चारों ओर सजे दीप श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बने रहे। बता दें कि पुरुषोत्तम मास को सनातन परंपरा में बेहद पुण्यदायी माना जाता है।

इसी वजह से पद्मिनी एकादशी पर नैमिषारण्य में सुबह से श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ती रही। स्थानीय लोगों के साथ दूसरे जिलों से पहुंचे भक्तों ने चक्रतीर्थ में स्नान कर पूजा-अर्चना की और परिवार की खुशहाली की प्रार्थना की। महाआरती के बाद श्रद्धालुओं में प्रसाद बांटा गया। पूरे परिसर में भक्ति गीत और मंत्रोच्चार गूंजते रहे। दीपों से सजा चक्रतीर्थ देर रात तक श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बना रहा। नैमिष धाम में पुरुषोत्तम मास के दौरान प्रतिदिन विशेष धार्मिक कार्यक्रम कराए जा रहे हैं, जिनमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हो रहे हैं।






