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दुस्साहस : किशोरी ने नाबालिग प्रेमी संग अपनी मां को मार डाला… वह लव जिहाद का करती थी विरोध

लखनऊ, 19 मई 2025:

यूपी की राजधानी लखनऊ के चिनहट इलाके में एक दिल दहला देने वाली वारदात हुई। लव जिहाद के चक्कर में 16 वर्षीय किशोरी ने 17 वर्षीय प्रेमी के साथ मिलकर अपनी मां की हत्या कर दी। मृतका ऊषा सिंह (40) एक सरकारी भवन में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी थीं। वे अपनी इकलौती बेटी के साथ चिनहट इलाके में रहती थीं। उनके पति की बीमारी के चलते कई साल पहले मौत हो चुकी है।

घटना को दुष्कर्म और लूट का रूप देने की कोशिश

पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपियों ने घर में देर रात पहले महिला का गला दबाया और फिर कांच के टुकड़े से रेत कर हत्या कर दी। वारदात के बाद उन्होंने साजिशन घटना को दुष्कर्म और लूट जैसा दिखाने की कोशिश की। महिला के शरीर से कपड़े हटा दिए गए और कमरे का सामान बिखेर दिया।

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किशोरी ने दी झूठी सूचना, पुलिस को गुमराह करने की कोशिश

घटना के बाद तड़के करीब तीन बजे किशोरी ने मोहल्ले वालों और अपने मामा को सूचना दी कि उसकी मां की तबीयत बहुत खराब है। जब लोग मौके पर पहुंचे, तो महिला का शव बिना कपड़ों के खून से लथपथ बिस्तर पर पड़ा मिला। मौके पर पहुंची पुलिस और फोरेंसिक टीम को खून से सना कांच का टुकड़ा मिला, जिससे हत्या की पुष्टि हुई।

शुरुआती पूछताछ में किशोरी ने कहा कि वह रात दो बजे पानी भरने बाहर गई थी और लौटकर आने पर मां को मृत पाया। उसने दावा किया कि किसी अज्ञात युवक ने मां के साथ दुष्कर्म की कोशिश की और विरोध करने पर हत्या कर दी। पुलिस को यह बयान संदिग्ध लगा।

प्रेमी की गिरफ्तारी के बाद हुआ खुलासा

जब पुलिस ने किशोरी के 17 वर्षीय प्रेमी को हिरासत में लेकर आमने-सामने बैठाकर पूछताछ की, तो उसने सारा सच उगल दिया। दोनों ने कबूल किया कि महिला उनकी प्रेम कहानी में बाधा बन रही थी, क्योंकि मृतका अपनी बेटी के मुस्लिम लड़के से संबंधों के खिलाफ थी। इसी वजह से दोनों ने मिलकर हत्या की साजिश रची।

पहले भी विवादों में रहा प्रेम संबंध

मृतका के भाई के अनुसार आरोपी पहले भी दो बार किशोरी को भगा चुका था। एक बार केस दर्ज हुआ और युवक को पकड़कर बाल सुधार गृह भेजा गया था। इसके बावजूद दोनों का संपर्क बना रहा। पुलिस छानबीन में पता चला कि हत्या के बाद दोनों आरोपी बंगलूरु भागने की योजना बना रहे थे, लेकिन समय रहते पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया। दोनों को सोमवार को बाल सुधार गृह भेज दिया गया।

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