योगेंद्र मलिक
देहरादून, 22 अप्रैल 2026:
उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को सीमांत क्षेत्र के ऐतिहासिक माणा गांव का दौरा कर विकास की हकीकत देखी और स्थानीय महिलाओं की उपलब्धियों को देश के लिए प्रेरणा बताया। उनके आगमन पर गांव की महिलाओं ने पारंपरिक मांगलगीतों और स्थानीय उत्पादों से भव्य स्वागत किया। इसने पूरे माहौल को सांस्कृतिक रंग में रंग दिया।
मुख्यमंत्री ने चारधाम यात्रा को सुरक्षित, सुखद और प्लास्टिक मुक्त हरित यात्रा बनाने का संदेश देते हुए श्रद्धालुओं से पर्यावरण संरक्षण में सक्रिय भागीदारी की अपील की। उन्होंने खास तौर पर यात्रियों से स्थानीय उत्पाद खरीदने की अपील की ताकि सीमांत क्षेत्रों की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिल सके।

दौरे का सबसे अहम पहलू रहा लखपति दीदी मॉडल रहा। माणा की सभी 82 महिलाएं इस योजना के तहत सालाना लाख रुपये से अधिक आय अर्जित कर रही हैं। स्वयं सहायता समूहों के जरिए ये महिलाएं ऊनी वस्त्र, हैंडलूम, हस्तशिल्प, कालीन, मसाले, पापड़ और फर्नीचर जैसे उत्पाद तैयार कर बाजार में उतार रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सीमांत गांवों को अंतिम नहीं बल्कि प्रथम गांव के रूप में विकसित किया जा रहा है। माणा इसका जीवंत उदाहरण है जहां महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता ने विकास की नई कहानी लिखी है।
गांव में 12 स्वयं सहायता समूह, घुंघटी महिला ग्राम संगठन और योगबंदी क्लस्टर जैसे संगठनों के माध्यम से महिलाएं कृषि, डेयरी, होमस्टे, मशरूम उत्पादन और खाद्य प्रसंस्करण जैसे क्षेत्रों में भी सक्रिय हैं। आज माणा उत्तराखंड के साथ पूरे देश के लिए एक मॉडल बनकर उभरा है। यहां सरकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन और महिलाओं की मेहनत ने सीमांत क्षेत्र को विकास के शिखर तक पहुंचा दिया है।






