
वाराणसी, 24 अगस्त 2026:
यूपी के वाराणसी में सावन के आखिरी सोमवार पर काशी पूरी तरह शिवभक्ति में रंगी नजर आई। काशी विश्वनाथ धाम में भोर से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतार लगी रही। हर तरफ हर हर महादेव और बोल बम के जयकारे गूंजते रहे। मंगला आरती के बाद मंदिर के कपाट खुले तो भक्तों ने बाबा विश्वनाथ का जलाभिषेक कर दर्शन किए।

रुद्राक्ष और फूलों से सजा धाम
सावन के अंतिम सोमवार के मौके पर काशी विश्वनाथ धाम को फूलों के साथ रुद्राक्ष से सजाया गया। मंदिर परिसर की सजावट ने पूरे माहौल को शिवमय बना दिया। दर्शन के लिए कतार में खड़े श्रद्धालुओं का मंदिर प्रशासन की ओर से गुलाब की पंखुड़ियां बरसाकर स्वागत किया गया। भोर से ही धाम के बाहर भक्तों की भीड़ बढ़ती रही। बड़ी संख्या में श्रद्धालु रविवार रात ही वाराणसी पहुंच गए थे।भक्तों ने गंगा स्नान के बाद रात में ही कतार पकड़ ली। सुबह होते-होते बाबा के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की लंबी लाइन लग गई।
तीन घंटे में करीब एक लाख भक्तों ने किए दर्शन
मंदिर प्रशासन के मुताबिक सोमवार सुबह सात बजे तक करीब एक लाख श्रद्धालु बाबा विश्वनाथ के दर्शन कर चुके थे। भीड़ को देखते हुए धाम में प्रवेश से लेकर दर्शन तक खास इंतजाम किए गए। भीड़ को संभालने के लिए जिग-जैग बैरिकेडिंग की गई। कतार में लगे लोगों के लिए छाया, पेयजल, मेडिकल कैंप के साथ खोया-पाया केंद्र की व्यवस्था रही। भक्त गर्भगृह के बाहर से बाबा के दर्शन कर जल, दूध अर्पित करते रहे।
बोल बम के जयकारों के बीच बढ़ते रहे कांवड़िए
सावन के आखिरी सोमवार पर कांवड़ियों में भी खास उत्साह दिखा। हाथों में कांवड़ लिए श्रद्धालु लगातार बोल बम के जयकारे लगाते हुए मंदिर की तरफ बढ़ते रहे। धाम के आसपास का माहौल सुबह से ही भक्तिमय रहा। बाबा विश्वनाथ के जलाभिषेक के लिए दूर-दराज से पहुंचे श्रद्धालुओं में दर्शन को लेकर खास उत्साह दिखाई दिया। कतार में घंटों इंतजार के बावजूद भक्त जयकारे लगाते हुए अपनी बारी का इंतजार करते रहे।

शहर के दूसरे शिवालय भी भक्तों से भरे रहे
सिर्फ काशी विश्वनाथ धाम ही नहीं, वाराणसी के दूसरे प्रमुख शिव मंदिरों में भी सुबह से श्रद्धालुओं की भीड़ रही। महामृत्युंजय मंदिर, गौरी केदारेश्वर, तिलभांडेश्वर मंदिर, बीएचयू विश्वनाथ मंदिर समेत कई शिवालयों में जलाभिषेक के लिए लंबी कतारें लगीं। सभी छोटे-बड़े शिवालयों में भक्तों ने भगवान शिव का जलाभिषेक किया। कई मंदिरों के आसपास सुबह से ही हर हर महादेव के जयकारे सुनाई देते रहे। सावन के आखिरी सोमवार को लेकर मंदिरों में पूजा-अर्चना का सिलसिला चलता रहा।
दिनांक 24.08.2026, श्रावण मास अंतिम सोमवार के पावन पर्व पर भगवान श्री विश्वेश्वर की मंगला आरती दर्शन #Sawan2026 #kashivishwanath #kashi #sanatandharma #mahadev pic.twitter.com/ihMEfuSKTx
— Shri Kashi Vishwanath Temple Trust (@ShriVishwanath) August 24, 2026
रात में होगा बाबा का विशेष श्रृंगार
सावन के हर सोमवार को बाबा विश्वनाथ का अलग स्वरूप में श्रृंगार करने की परंपरा है। आखिरी सोमवार की रात भी बाबा का विशेष रुद्राक्ष श्रृंगार किया जाएगा। रात में भोग श्रृंगार आरती से पहले भगवान की रजत चल प्रतिमा को गर्भगृह में विराजमान कराया जाएगा। इसके बाद बाबा का भव्य श्रृंगार होगा। आरती के बाद श्रद्धालुओं को बाबा विश्वनाथ के इस विशेष स्वरूप के दर्शन कराए जाएंगे।

गंगा का पानी बढ़ा, घाटों पर बदले हालात लेकिन जोश कायम रहा
वाराणसी में पिछले दिनों गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ा है। नदी का पानी चेतावनी बिंदु के करीब पहुंच गया था। घाटों पर बढ़ते पानी को देखते हुए प्रशासन की निगरानी बढ़ाई गई है। आज भी गंगा-वरुणा के बढ़े जलस्तर को लेकर शहर में अलर्ट की स्थिति बनी हुई है। बाढ़ प्रभावित इलाकों में NDRF की तैनाती की गई है। घाटों के आसपास पानी बढ़ने का असर रोजमर्रा की गतिविधियों पर भी पड़ा है। इस बीच श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं दिखाई दिया।






