लखनऊ, 19 जून 2026:
बहुजन समाज पार्टी की मुखिया मायावती ने पार्टी में टिकट और मुलाकात के लिए कथित तौर पर पैसे लिए जाने की चर्चाओं पर जवाब देते हुए कहा है कि कुछ ताकतें चुनाव नजदीक आते ही बीएसपी और उसके नेतृत्व को बदनाम करने में जुट जाती हैं। उन्होंने कहा कि पार्टी बड़े पूंजीपतियों के सहारे नहीं, बल्कि अपने समर्थकों के तन, मन और धन के बल पर चलती है, यही बात विरोधियों को रास नहीं आती।
अपने एक्स अकाउंट पर जारी लंबे बयान में मायावती ने कहा कि बीएसपी बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के बताए रास्ते पर चलने वाली सर्वजन हिताय और सर्वजन सुखाय की सच्ची अम्बेडकरवादी पार्टी है। उन्होंने आरोप लगाया कि संकीर्ण, जातिवादी, सांप्रदायिक और पूंजीवादी ताकतें समय-समय पर पार्टी और उसके नेतृत्व को निशाना बनाती रही हैं।
मायावती ने कहा कि मीडिया का एक वर्ग दूसरी पार्टियों की चुनावी जुगाड़ से लोगों का ध्यान हटाने के लिए बीएसपी उम्मीदवारों के चयन को लेकर सवाल खड़े करता रहता है। उन्होंने कहा कि पार्टी को मिलने वाला आर्थिक सहयोग कानूनी तरीके से उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित करने में खर्च किया जाता है, इसके बावजूद साजिश के तहत गलत बातें और अफवाहें फैलाई जा रही हैं।

उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश इकाई के अध्यक्ष विश्वनाथ पाल समेत पार्टी के सभी पदाधिकारी और कार्यकर्ता इस समय संगठन को मजबूत करने, जनाधार बढ़ाने और 2027 विधानसभा चुनाव के लिए संभावित उम्मीदवारों की सूची तैयार करने में जुटे हैं। उम्मीदवारों की स्क्रीनिंग के दौरान उनसे सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक हैसियत के साथ पार्टी के प्रति वफादारी और टिकाऊपन से जुड़े कई सवाल पूछे जाते हैं।
मायावती ने कहा कि इस प्रक्रिया को बिना समझे उसका गलत मतलब निकालना ठीक नहीं है। उन्होंने मीडिया से संयम बरतने की अपील की, वहीं पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा कि वे विरोधियों के कथित प्रायोजित षड्यंत्रों का शिकार न हों और मिशन 2027 की तैयारियों में पूरी ताकत से जुटे रहें।






