योगेंद्र मलिक
ऋषिकेश, 30 मई 2026ः
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ऋषिकेश स्थित परमार्थ निकेतन घाट पर गंगा पूजन व गंगा आरती की। दोनों नेताओं ने मां गंगा से देश एवं प्रदेशवासियों के सुख-शांति, समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य की कामना की। इस अवसर पर नितिन नबीन ने संत-महात्माओं, श्रद्धालुओं और जनसमूह को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि मां गंगा के पावन तट पर आना सदैव आत्मीय एवं आध्यात्मिक अनुभूति प्रदान करता है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि गंगा केवल एक नदी नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, आस्था और सनातन परंपरा की जीवंत धारा है, जिसने सदियों से देश की आध्यात्मिक चेतना को जिंदा किया है। उन्होंने कहा कि भारत की संत परंपरा ने हर कठिन व विपरीत परिस्थिति में समाज को दिशा दी। जब-जब देश सामाजिक, सांस्कृतिक या वैचारिक चुनौतियों से गुजरा, तब संतों और ऋषियों ने अपने तप, त्याग और ज्ञान के माध्यम से समाज को नई ऊर्जा एवं मार्गदर्शन प्रदान किया।

उन्होंने कहा कि भारत की तपस्या, संस्कृति और आध्यात्मिक मूल्यों की परंपरा सदियों से जनमानस में जीवित रही है और संत समाज ने इस महान विरासत को पीढ़ी दर पीढ़ी आगे बढ़ाया है। नितिन नबीन ने कहा कि आज भी भारत की सांस्कृतिक शक्ति और आध्यात्मिक चेतना विश्व को आकर्षित कर रही है। उत्तराखंड जैसी देवभूमि हमारी सनातन संस्कृति की आत्मा है, जहां से पूरे देश को आध्यात्मिक प्रेरणा प्राप्त होती है। कहा कि गंगा, संत परंपरा और भारतीय संस्कृति का संरक्षण केवल धार्मिक दायित्व नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के प्रति हमारी नैतिक जिम्मेदारी भी है।
परमार्थ निकेतन घाट पर आयोजित गंगा आरती के दौरान श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का अद्भुत वातावरण देखने को मिला। परमार्थ निकेतन के स्वामी चिदानंद ने मुख्यमंत्री व अतिथियों का स्वागत करते हुए गंगा संरक्षण व पर्यावरण संवर्धन के बारे में बताया। इस अवसर पर जूना अखाड़े के महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि, निरंजन अखाड़े के महामंडलेश्वर कैलाशानंद गिरि, अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत रवींद्र पुरी, गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, कैबिनेट मंत्री धन सिंह रावत, स्थानीय विधायक रेनू बिष्ट आदि उपस्थित रहे।






