राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 15 मई 2026:
नर्सिंग एकता मंच ने वर्षवार नियुक्ति की मांग को लेकर चल रहे आंदोलन के संबंध में शुक्रवार को प्रेस क्लब में मीडिया से मुलाकात की। मंच के प्रदेश अध्यक्ष नवल पुंडीर ने एफआईआर दर्ज होने पर नाराजगी जाहिर की। कहा कि सरकार द्वारा लगातार आंदोलन की उपेक्षा की गई जिससे मजबूर होकर नर्सिंग अभ्यर्थियों को परेड ग्राउंड स्थित पानी की टंकी पर चढ़ने के लिए मजबूर होना पड़ा।
मीडिया से रूबरू होकर उन्होंने कहा कि आंदोलन को राजनीतिक रंग दिया जा रहा है। ये हालात दुर्भाग्यपूर्ण हैं। कहा कि अगर एक माह में नियुक्ति प्रक्रिया शुरू नहीं हुई तो सभी संगठनों को साथ लेकर फिर से बड़ा आंदोलन किया जाएगा। आंदोलन के दौरान नर्सिंग अभ्यर्थियों ने धरना, रैली, कैंडल मार्च, सचिवालय घेराव और आमरण अनशन जैसे कई कार्यक्रम किए गए लेकिन दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति यह रही कि सरकार का कोई प्रतिनिधि आंदोलनकारियों का हालचाल पूछने तक नहीं पहुंचा।
नवल पुंडीर ने कहा कि सरकार द्वारा अनदेखी के चलते आंदोलनकारियों को मजबूर होकर विरोध प्रदर्शन करना पड़ा। अब आंदोलन को लेकर कुछ लोगों द्वारा भ्रम फैलाया जा रहा है और कई तरह के आरोप भी लगाए जा रहे हैं। आंदोलन के बाद के अभ्यर्थियों पर मुकदमे दर्ज किए गये। मुकदमों से नर्सिंग बेरोजगार अभ्यर्थी डरने वाले नहीं हैं और वे अपने अधिकारों की लड़ाई जारी रखेंगे।
उन्होंने सरकार से अपील की कि आंदोलन को राजनीतिक रंग देने के बजाय नर्सिंग कर्मियों की मांगों पर गंभीरता से विचार कर न्याय किया जाए। यह मुद्दा किसी एक क्षेत्र, जाति या दल का नहीं बल्कि पूरे उत्तराखंड के नर्सिंग अभ्यर्थियों और बेरोजगार युवाओं का है।






