लखनऊ, 28 मई 2026:
भीषण गर्मी ने लोगों का हाल बेहाल कर दिया है। यूपी के कई जिलों में तापमान 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है। ऐसे कठिन हालात में योगी सरकार बिजली व्यवस्था को लेकर पूरी तरह अलर्ट मोड में दिखाई दे रही है। लगातार बढ़ती बिजली मांग के बावजूद प्रदेश में रिकॉर्ड स्तर पर विद्युत आपूर्ति की जा रही है। सरकार का दावा है कि प्रदेशवासियों को राहत देने के लिए रोस्टर से ज्यादा बिजली उपलब्ध कराई जा रही है।
ऊर्जा विभाग के आंकड़ों के मुताबिक 26/27 मई की रात 2:37 बजे प्रदेश में अब तक की सबसे अधिक 30,337 मेगावाट विद्युत आपूर्ति दर्ज की गई। इससे पहले 26 मई की शाम 7:52 बजे 28,125 मेगावाट बिजली सप्लाई की गई थी। रात 10 बजे 27,515 मेगावाट और रात 12 बजे 26,984 मेगावाट बिजली दी गई। वहीं 27 मई की सुबह 5 बजे 29,321 मेगावाट, सुबह 7 बजे 24,738 मेगावाट, सुबह 10 बजे 26,604 मेगावाट और दोपहर 2 बजे तक 28,790 मेगावाट विद्युत आपूर्ति दर्ज की गई।
योगी सरकार के कार्यकाल में जिला मुख्यालयों, महानगरों और तहसील क्षेत्रों में 24 घंटे बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। वहीं ग्रामीण इलाकों में भी 22 से 22.30 घंटे तक निर्बाध बिजली दी जा रही है। भीषण गर्मी के इस दौर में लगातार हो रही बिजली आपूर्ति से आमजन को बड़ी राहत मिल रही है।
निदेशक वितरण ज्ञानेंद्र धर द्विवेदी ने बताया कि विभाग का प्रयास है कि उपभोक्ताओं को हर हाल में निर्बाध बिजली मिलती रहे। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में भी तय रोस्टर से ज्यादा बिजली दी जा रही है। ऊर्जा विभाग की टीमें लगातार फील्ड में रहकर व्यवस्था संभाल रही हैं। बिजली आपूर्ति की मॉनिटरिंग उच्च स्तर पर की जा रही है जिससे किसी भी समस्या का तत्काल समाधान हो सके।
हालांकि 25 और 26 मई की रात आए तेज आंधी-तूफान से कई जिलों की विद्युत व्यवस्था प्रभावित हुई थी लेकिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर विभागीय टीमों ने तत्काल मोर्चा संभाल लिया। युद्धस्तर पर मरम्मत कार्य चलाकर आपूर्ति बहाल की गई। सरकार का कहना है कि प्रदेश के हर गांव, हर शहर और हर घर तक निर्बाध बिजली पहुंचाना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।






