लखनऊ, 12 फरवरी 2026:
यूपी सरकार के बजट 2026-27 में इस बार गांवों की सरकार को मजबूती देने पर खास फोकस किया गया है। पंचायती राज से जुड़ी योजनाओं के लिए करीब 32,090 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। यह बीते वित्तीय वर्ष 2025-26 के मुकाबले लगभग 67 प्रतिशत ज्यादा है। यह बढ़ोतरी सीधे तौर पर ग्रामीण जीवन स्तर सुधारने और गांवों में बुनियादी सुविधाओं को तेजी से मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है।
स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के दूसरे चरण के लिए 2,823 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है। इससे गांवों में शौचालय, ठोस व तरल अपशिष्ट प्रबंधन और स्वच्छता से जुड़ा ढांचा और बेहतर होगा। सरकार का लक्ष्य है कि स्वच्छता सिर्फ अभियान नहीं, बल्कि ग्रामीण जीवनशैली का हिस्सा बने।

शिक्षा और डिजिटल सशक्तिकरण की दिशा में भी अहम पहल की गई है। ग्राम पंचायत और वार्ड स्तर पर डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित करने के लिए 454 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इससे ग्रामीण युवाओं और छात्रों को अपने गांव में ही आधुनिक अध्ययन संसाधन उपलब्ध होंगे और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी आसान होगी।
खेल और स्वास्थ्य को बढ़ावा देने के लिए ग्रामीण स्टेडियम और ओपन जिम के निर्माण हेतु 130 करोड़ रुपये रखे गए हैं। इससे गांवों में खेल संस्कृति विकसित होगी और युवाओं को फिटनेस के बेहतर अवसर मिलेंगे। इसके अलावा 2026-27 में 1000 बहुउद्देशीय पंचायत भवनों के निर्माण के लिए लगभग 57 करोड़ रुपये तथा प्रत्येक विधानसभा के ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत उत्सव भवन और बारात घर के निर्माण के लिए 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।

सरकार का कहना है कि इन योजनाओं से ग्राम पंचायतों को संसाधन, संरचना और अधिकार मिलेंगे, जिससे गांव आत्मनिर्भर इकाइयों के रूप में उभरेंगे और ग्रामीण विकास को नई गति मिलेगी।






