राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 4 जुलाई 2026:
बदरीनाथ धाम में चढ़ावे को लेकर सामने आए कथित विवाद पर कांग्रेस ने प्रदेश सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष और एआईसीसी सदस्य सूर्यकांत धस्माना ने पूरे मामले की संयुक्त संसदीय समिति (JPC) की निगरानी में हाई लेवल जांच कराने की मांग उठाई। उनका कहना है कि देशभर के श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े मामले में पूरी पारदर्शिता जरूरी है, ताकि लोगों का भरोसा बना रहे।
प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में शनिवार को हुई प्रेस वार्ता में धस्माना ने आरोप लगाया कि केदारनाथ धाम में भी सोने से जुड़े विवाद पर अब तक स्थिति साफ नहीं हो सकी है। अब बद्रीनाथ धाम में चढ़ावे को लेकर भी कथित गड़बड़ी के आरोप सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि मंदिरों के प्रबंधन की जिम्मेदारी संभालने वाली संस्थाओं की जवाबदेही भी तय होनी चाहिए। अगर किसी स्तर पर अनियमितता हुई है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
धस्माना ने कहा कि जांच एजेंसियों पर लोगों का भरोसा कमजोर हुआ है। उनका आरोप है कि ऐसे मामलों की जांच स्थानीय पुलिस या किसी केंद्रीय एजेंसी के बजाय जेपीसी की निगरानी में कराई जानी चाहिए, ताकि जांच निष्पक्ष नजर आए।
प्रेस वार्ता में कांग्रेस ने मुख्यमंत्री के पांच साल पूरे होने पर आयोजित कार्यक्रमों पर भी सवाल उठाए। धस्माना ने कहा कि प्रदेश में महिलाओं के खिलाफ अपराध, बेरोजगारी, Paper Leak, भ्रष्टाचार, Smart City Project में कथित अनियमितताएं, आपदा पुनर्वास और अवैध खनन जैसे मुद्दे अब भी बने हुए हैं। ऐसे हालात में सरकार का जश्न मनाना कई सवाल खड़े करता है।
उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस की परिवर्तन संकल्प यात्रा के दौरान पार्टी लगातार इन मुद्दों को जनता के बीच उठा रही है और उसे प्रदेशभर में लोगों का समर्थन मिल रहा है। प्रेस वार्ता में प्रदेश कांग्रेस श्रम प्रकोष्ठ के अध्यक्ष दिनेश कौशल, वरिष्ठ नेता सुशील डोभाल और आनंद सिंह पुंडीर भी मौजूद रहे।






