
लखनऊ, 5 जुलाई 2026:
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद पहली बार दो दिवसीय दौरे पर लखनऊ पहुंचे नितिन नबीन ने रविवार को संगठन और सहयोगी दलों के साथ सियासी समीकरण साधने का सिलसिला तेज कर दिया। शनिवार को भाजपा सांसदों, विधायकों और पदाधिकारियों को संगठन मजबूत करने का संदेश देने के बाद रविवार सुबह उन्होंने एनडीए के सहयोगी दलों के नेताओं से अलग-अलग मुलाकात कर 2027 के विधानसभा चुनाव की रणनीति पर चर्चा की।
नितिन नबीन ने सुभासपा प्रमुख एवं कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर, अपना दल (एस) नेता एवं कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल, निषाद पार्टी अध्यक्ष एवं कैबिनेट मंत्री संजय निषाद तथा रालोद महासचिव त्रिलोक त्यागी से बातचीत की। बैठक के बाद ओम प्रकाश राजभर और आशीष पटेल ने बताया कि चर्चा पूरी तरह 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों और गठबंधन को मजबूत करने पर केंद्रित रही। उन्होंने स्पष्ट किया कि सीट बंटवारे को लेकर कोई बातचीत नहीं हुई।
इस दौरान भाजपा नेता अपर्णा यादव ने भी राष्ट्रीय अध्यक्ष से मुलाकात की। नितिन नबीन ने उनके पति प्रतीक यादव के निधन पर शोक व्यक्त किया। इससे पहले उन्होंने भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्षों के साथ बैठक कर उत्तर प्रदेश की राजनीतिक परिस्थितियों, संगठन की स्थिति और जातीय समीकरणों पर विस्तार से फीडबैक लिया। हालांकि, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष विनय कटियार की बैठक में गैरमौजूदगी चर्चा का विषय रही लेकिन पार्टी नेताओं ने इस पर कोई टिप्पणी नहीं की।
दोपहर का भोजन डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के आवास पर करने के बाद नितिन नबीन शाम को डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के साथ मुलाकात करेंगे। इसके बाद वह आरएसएस के भारती भवन पहुंचकर संघ पदाधिकारियों के साथ संगठनात्मक और राजनीतिक मुद्दों पर मंथन करेंगे।

इससे पहले शनिवार को लखनऊ पहुंचे नितिन नबीन ने एयरपोर्ट से भाजपा कार्यालय तक भव्य रोड शो किया। पार्टी सांसदों व विधायकों संग बैठक करने के साथ शहर की प्रसिद्ध शर्मा जी की चाय की दुकान पर चाय पीकर कार्यकर्ताओं और आम लोगों से भी संवाद स्थापित किया।






