
लखनऊ, 14 जुलाई 2026:
रामनगरी अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के कथित मामले को लेकर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक बार फिर भाजपा पर तीखा हमला बोला है। मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा की गई अपनी लंबी पोस्ट में उन्होंने इस पूरे प्रकरण को चढ़ावा-चंदा-दान चोरी की क्रोनोलॉजी नहीं बल्कि भाजपाई क्रिमिनोलॉजी का कुचक्र बताया।
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा और उसके सहयोगी पहले देश-विदेश के श्रद्धालुओं की आस्था का भावनात्मक दोहन कर चंदा, दान, बहुमूल्य धातुएं, रत्न और नकदी एकत्र करते हैं। इसके बाद रसीद देने या दान की गुणवत्ता जांचने के नाम पर टालमटोल की जाती है। उन्होंने दावा किया कि बड़े पैमाने पर श्रद्धालुओं को प्रायोजित तरीके से मंदिर ले जाकर चढ़ावे के नाम पर धन जुटाया जाता है और धार्मिक आयोजनों के नाम पर कथित तौर पर फर्जी रसीदों के जरिए भी गड़बड़ियां की जाती हैं।
सपा प्रमुख ने आगे आरोप लगाया कि न्यासों में अपने लोगों को बैठाकर भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया जाता है। चढ़ावे की गलत गिनती कराई जाती है। धर्म के नाम पर मिले धन में सेंधमारी होती और सबूत मिटाने के लिए सीसीटीवी फुटेज तक गायब कर दिए जाते हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि जमीन खरीद-फरोख्त और न्यास के संसाधनों का दुरुपयोग कर कुछ लोगों को अनुचित लाभ पहुंचाया जाता है। इस धन का इस्तेमाल राजनीतिक गतिविधियों में भी किया जाता है।
अखिलेश यादव ने कहा कि जब ऐसे मामलों का खुलासा होता है तो कुछ दिनों बाद धन वापस दिखाकर सफाई दी जाती है और मामले को छोटी कार्रवाई तक सीमित कर बड़े लोगों को बचाने की कोशिश की जाती है। उन्होंने आरोप लगाया कि जांच भी ऐसे लोगों से कराई जाती है जिनकी निष्पक्षता पर सवाल उठते रहे हैं।
सपा अध्यक्ष ने कहा कि अब देश के सच्चे देशप्रेमी गांव-गांव, गली-मोहल्लों और चौक-चौराहों पर भाजपा की कथित क्रिमिनोलॉजी को लोगों के बीच रखेंगे, उसका भंडाफोड़ करेंगे और सामाजिक और राजनीतिक बहिष्कार की अपील करेंगे।






