
स्पोर्ट्स डेस्क, 2 अगस्त 2026:
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का प्रदर्शन लगातार बेहतर होता गया है। 10वें दिन के मुकाबलों के बाद भारत 13 स्वर्ण, 17 रजत और नौ कांस्य समेत कुल 39 पदकों के साथ पदक तालिका में चौथे स्थान पर पहुंच गया है। ऑस्ट्रेलिया पहले, इंग्लैंड दूसरे और कनाडा तीसरे स्थान पर है, जबकि भारत ने स्कॉटलैंड को पीछे छोड़ दिया है।
मुक्केबाजी बनी सबसे बड़ी ताकत
भारत की सबसे बड़ी सफलता मुक्केबाजी में मिली। टीम ने रिकॉर्ड सात स्वर्ण और तीन रजत पदक जीतकर कुल 10 पदक अपने नाम किए। महिला वर्ग में प्रीति पवार, जैस्मिन लंबोरिया, साक्षी चौधरी, अरुंधति चौधरी और प्रिया घंघास ने स्वर्ण पदक जीते। पुरुष वर्ग में सचिन सिवाच और अंकुश ने गोल्ड अपने नाम किया। लवलीना बोरगोहेन, जादूमणि सिंह और नरेंद्र बेरवाल को रजत पदक मिला।
जूडो और एथलेटिक्स में भी यादगार प्रदर्शन
जूडो में अस्मिता डे और हर्ष सिंह ने स्वर्ण जीतकर इतिहास रचा। यामिनी मौर्य ने रजत जबकि उन्नति शर्मा ने कांस्य पदक हासिल किया। एथलेटिक्स में गुलवीर सिंह ने 5000 मीटर में कांस्य जीतकर एक ही कॉमनवेल्थ गेम्स में दो पदक जीतने वाले पहले भारतीय एथलीट बनने का रिकॉर्ड बनाया। इससे पहले वह 10,000 मीटर में रजत जीत चुके थे। ट्रिपल जंप में प्रवीण चित्रावेल ने रजत और सेल्वा प्रभु ने कांस्य पदक जीता।

पैरा एथलेटिक्स से भी मिला गोल्ड
पैरा एथलेटिक्स में सोमन राणा ने पुरुष F57 शॉटपुट में स्वर्ण पदक जीता। इसी स्पर्धा में शुभम जुयाल ने रजत हासिल किया। इससे पहले शर्मिला धनखड़ और दिलीप महादू गावित भी भारत के लिए स्वर्ण पदक जीत चुके हैं।

आज 40वें मेडल पर नजर
रविवार को प्रतियोगिता का आखिरी दिन है। भारत की चुनौती जूडो और ट्रैक साइक्लिंग में रहेगी। जूडो में ईशरूप नरंग, अवतार सिंह और यश घंघास से पदक की उम्मीद है। ट्रैक साइक्लिंग में भी भारतीय खिलाड़ी चुनौती पेश करेंगे। भारत यदि एक और पदक जीतता है तो उसका कुल आंकड़ा 40 तक पहुंच जाएगा।

इन देशों के खाते में दर्ज हुए मेडल
ऑस्ट्रेलिया 65 स्वर्ण, 41 रजत और 52 कांस्य समेत 158 पदकों के साथ पहले स्थान पर है। इंग्लैंड 26 स्वर्ण, 41 रजत और 35 कांस्य सहित 102 पदकों के साथ दूसरे नंबर पर है। कनाडा 18 स्वर्ण, 20 रजत और 21 कांस्य के साथ तीसरे स्थान पर है। भारत 13 स्वर्ण, 17 रजत और नौ कांस्य समेत कुल 39 पदकों के साथ चौथे स्थान पर पहुंच गया है, जबकि स्कॉटलैंड 13 स्वर्ण, आठ रजत और 17 कांस्य सहित 38 पदकों के साथ पांचवें स्थान पर है।






