
हरदोई, 15 सितंबर 2026:
यूपी के हरदोई जिले में मुख्यालय पर सीडीओ आवास के पास चल रहे समर हॉस्पिटल के संचालन को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। सीएमओ कार्यालय की जांच में अस्पताल का कोई वैध पंजीकरण नहीं मिला। निरीक्षण के दौरान अस्पताल संचालक शिवा जरूरी दस्तावेज भी पेश नहीं कर सके। इसके बाद सीएमओ ऑफिस के सहायक नोडल अधिकारी डॉ अखिलेश बाजपेई ने कोतवाली शहर में FIR दर्ज कराई है।
गर्भवती महिला की मौत के बाद हुई शिकायत
मामला हरदोई के विकास नगर निवासी अमित गुप्ता की शिकायत से जुड़ा है। अमित ने जनसुनवाई पोर्टल पर की शिकायत में आरोप लगाया था कि समर हॉस्पिटल में गलत इलाज के चलते उनकी गर्भवती पत्नी सपना की मौत हो गई। इस मामले में जनसुनवाई की चार शिकायतें जांच के लिए सीएमओ कार्यालय पहुंचीं। शिकायतों की जांच सहायक नोडल अधिकारी क्लीनिकल इस्टेब्लिसमेंट को सौंपी गई।
अचानक पहुंची जांच टीम, दस्तावेज मांगे
सहायक नोडल अधिकारी ने समर हॉस्पिटल का निरीक्षण किया। इस दौरान अस्पताल संचालक शिवा से अस्पताल के चिकित्सीय संचालन का वैध पंजीकरण, वहां काम करने वाले चिकित्सक का अनुबंध, प्रदूषण से संबंधित दस्तावेज, बायोमेडिकल वेस्ट से जुड़े अभिलेख समेत दूसरे जरूरी कागजात मांगे गए। जांच के दौरान संचालक इनमें से कोई वैध अभिलेख प्रस्तुत नहीं कर सके। सीएमओ कार्यालय की जांच में सामने आया कि समर हॉस्पिटल बिना वैध पंजीकरण के संचालित किया जा रहा था।
रिकॉर्ड में भी अस्पताल का पंजीकरण नहीं
सीएमओ कार्यालय ने अपने यहां उपलब्ध रिकॉर्ड की जांच की तो समर हॉस्पिटल का पंजीकरण दर्ज नहीं मिला। जांच रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया कि अस्पताल में वैध चिकित्सक के बिना चिकित्सा व्यवसाय किए जाने की स्थिति सामने आई है। CMO कार्यालय की ओर से कोतवाली शहर प्रभारी को भेजी गई तहरीर पर संचालक शिवा के खिलाफ इंडियन मेडिकल काउंसिल एक्ट के तहत FIR दर्ज की गई है।






