Gorakhpur News : सपा में थप्पड़ कांड पर FIR, गिरफ्तारी, संगठन भंग, रामनगीना से मिले प्रदेश अध्यक्ष, संजय निषाद ने फिर ललकारा
प्रेस क्लब में सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष को पार्टी के ही नेता अंशुमान सिंह के बेटे कमलेश ने मारा था थप्पड़, मारपीट के मामले में दो मुकदमे दर्ज, एक गिरफ्तार, जिलाध्यक्ष व अन्य नेताओं समेत 12 नामजद, अंशुमान सिंह के शस्त्र लाइसेंस पर भी कार्रवाई की तैयारी, सपा मुखिया ने सभी इकाइयों को भंग किया, श्यामलाल पाल बोले- रामनगीना के साथ पूरी पार्टी खड़ी, कैबिनेट मंत्री संजय निषाद घटना को निषाद समाज का अपमान बताकर लगातार दे रहे बयान

गोरखपुर, 5 अक्टूबर 2026:
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में सपा की प्रेसवार्ता के दौरान पूर्व जिलाध्यक्ष रामनगीना साहनी को थप्पड़ मारे जाने के विवाद ने अब पार्टी के अंदर और बाहर दोनों तरफ सियासी हलचल बढ़ा दी है। प्रेस क्लब में हुए बवाल के मामले में कैंट पुलिस ने दो मुकदमे दर्ज किए हैं। इसके बाद समाजवादी पार्टी ने गोरखपुर की जिला, महानगर और फ्रंटल संगठनों समेत सभी स्थानीय पार्टी इकाइयों को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया है। रविवार शाम प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल रामनगीना साहनी के घर पहुंचे और उनसे घटना की जानकारी ली।
12 लोगों के खिलाफ मारपीट और बलवे का मुकदमा
गोरखपुर जर्नलिस्ट प्रेस क्लब के अध्यक्ष ओंकारधर द्विवेदी की तहरीर पर दर्ज मुकदमे में सपा के निवर्तमान जिलाध्यक्ष बृजेश गौतम, महानगर अध्यक्ष शब्बीर कुरैशी, पूर्व जिलाध्यक्ष प्रहलाद यादव, पूर्व मंत्री मोहसिन खान, पूर्व विधायक विजय बहादुर यादव और अभिनेत्री व सपा नेता काजल निषाद समेत 12 लोगों को आरोपित बनाया गया है। इन पर मारपीट, बलवा, गाली-गलौज और धमकी देने के आरोप लगाए गए हैं।
प्रेसवार्ता में मची थी अफरा-तफरी
तहरीर के मुताबिक शनिवार दोपहर करीब दो बजे प्रेस क्लब सभागार में सपा जिलाध्यक्ष बृजेश गौतम की प्रेसवार्ता चल रही थी। इसी दौरान वहां मौजूद नेताओं के बीच किसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ और मारपीट होने लगी। घटना के दौरान प्रेसवार्ता कवर कर रहे पत्रकारों में अफरा-तफरी मच गई और उन्हें अपनी सुरक्षा के लिए वहां से हटना पड़ा। तहरीर में कुछ लोगों के असलहा लेकर प्रेस क्लब पहुंचने का आरोप भी लगाया गया है।

पूर्व जिलाध्यक्ष ने भी दर्ज कराया मुकदमा
इसी मामले में पूर्व जिलाध्यक्ष रामनगीना साहनी की ओर से भी कैंट थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया है। इसमें सपा से निष्कासित अंशुमान सिंह, उनके बेटे कमलेश और विमलेश समेत 12 अज्ञात लोगों पर हत्या के प्रयास, मारपीट और बलवा की धाराओं में केस दर्ज हुआ है। पुलिस दोनों मामलों की जांच कर रही है और आरोपितों की तलाश में दबिश दे रही है।
चार टीमें लगीं, एक आरोपी गिरफ्तार
एसपी सिटी निमिष पाटील के मुताबिक प्रेस क्लब अध्यक्ष की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया है। पूर्व जिलाध्यक्ष की ओर से भी केस दर्ज कराया गया है। आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए चार पुलिस टीमें लगाई गई हैं। पुलिस के अनुसार पकड़े गए एक आरोपी की पहचान शाहपुर के बिछिया आजाद नगर निवासी अंकित कुमार गौड़ के रूप में हुई।

अंशुमान सिंह के शस्त्र लाइसेंस पर कार्रवाई
।हत्या की कोशिश, मारपीट और धमकी के मामले में फरार चल रहे अंशुमान सिंह के शस्त्र लाइसेंस को निरस्त कराने की कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है। पुलिस मुकदमे के आधार पर जिलाधिकारी को रिपोर्ट भेजेगी। इसके साथ ही अंशुमान सिंह और उनके दोनों बेटों के खिलाफ दर्ज अन्य मुकदमों का पुलिस रिकॉर्ड भी खंगाला जा रहा है।
अखिलेश के निर्देश पर गोरखपुर की सभी इकाइयां भंग
मामले के बीच समाजवादी पार्टी ने गोरखपुर में संगठन को लेकर बड़ा फैसला लिया है। पार्टी की ओर से जारी पत्र में गोरखपुर के जिलाध्यक्ष और जिला कार्यकारिणी, महानगर अध्यक्ष और महानगर कार्यकारिणी, फ्रंटल संगठनों के जिलाध्यक्ष-महानगर अध्यक्ष और उनकी कार्यकारिणियों के साथ गोरखपुर से जुड़े पार्टी के राज्य कार्यकारिणी के पदाधिकारियों और सदस्यों तथा फ्रंटल संगठनों की प्रदेश कार्यकारिणी के पदाधिकारियों और सदस्यों को तत्काल प्रभाव से भंग किए जाने की जानकारी दी गई है।
चुनाव से पहले संगठन को नए सिरे से खड़ा करने की तैयारी
रविवार शाम सपा प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल पूर्व जिलाध्यक्ष रामनगीना साहनी के नौसड़ स्थित आवास पर पहुंचे। उन्होंने प्रेस क्लब में हुई घटना की जानकारी ली और कहा कि रामनगीना साहनी के साथ गलत हुआ है और पूरी पार्टी उनके साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि सभी कमेटियों को भंग करने का मकसद चुनाव से पहले संगठन की कमियां दूर कर उसे मजबूती से खड़ा करना है। नई कार्यकारिणी जल्द बनाई जाएगी। तब तक निवर्तमान जिलाध्यक्ष संगठन का काम देखते रहेंगे।
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— Samajwadi Party (@samajwadiparty) October 4, 2026
संजय निषाद ने फिर दिया आक्रामक बयान
उधर, गोरखपुर के थप्पड़ कांड को लेकर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने सुल्तानपुर की रैली में फिर सपा पर हमला बोला। उन्होंने कहा, ‘अगर कोई आपके ऊपर हाथ उठाता है, तो आज के बाद हमारी तरफ से आदेश है, हाथ तोड़कर काट कर फेंक दो, हम तुम्हें जमानत करवा देंगे।’ इससे पहले भी संजय निषाद ने गोरखपुर की घटना पर कार्रवाई में देरी को निषाद समाज के अपमान से जोड़ते हुए अखिलेश यादव को घेरा था।
कुर्सी को लेकर शुरू हुआ था विवाद
गोरखपुर में यह पूरा विवाद शनिवार को सपा के लोकतंत्र बचाओ कार्यक्रम से जुड़ी प्रेसवार्ता के दौरान शुरू हुआ था। प्रेस क्लब सभागार में बैठने की जगह को लेकर पूर्व जिलाध्यक्ष रामनगीना साहनी और सपा नेता अंशुमान सिंह के बेटे कमलेश सिंह के बीच कहासुनी हुई थी। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर कमलेश सिंह ने रामनगीना साहनी को थप्पड़ मार दिया। इसके बाद प्रेस क्लब में हंगामा खड़ा हो गया था।






