लखनऊ, 18 जून 2026:
यूपी की सियासत में समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव और सुभासपा प्रमुख एवं प्रदेश के पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर के बीच जुबानी जंग लगातार तीखी होती जा रही है। दोनों नेताओं के बीच सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर अब नए स्तर पर पहुंच गया है। गुरुवार को अखिलेश यादव ने राजभर पर ट्रांसफर-पोस्टिंग और ठेकों के नाम पर वसूली करने का आरोप लगाया, जिसके जवाब में राजभर ने भी सपा नेतृत्व पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए पलटवार किया।
अखिलेश यादव ने अपने एक्स पोस्ट में ‘पंचायती-समाचार’ शीर्षक से राजभर पर निशाना साधा। उन्होंने लिखा कि टिकट चाहने वाले नेताओं के बाद अब अधिकारी और ठेकेदार भी ‘ढुंढाई पंचायत’ कर रहे हैं। अखिलेश ने तंज कसते हुए कहा कि जिन लोगों से टिकट के नाम पर एडवांस लिया गया था, वे अब राजभर को तलाश रहे हैं क्योंकि उन्हें समझ आ गया है कि उन्हें कथित तौर पर 30 सीटें मिलने की बात केवल अफवाह थी।
सपा प्रमुख ने आगे आरोप लगाया कि लोक निर्माण और पंचायत विभाग से जुड़े एई, जेई, एएमए अधिकारी तथा विभागीय ठेकेदार भी ट्रांसफर-पोस्टिंग और कॉन्ट्रैक्ट दिलाने के नाम पर एडवांस वसूली के मामलों को लेकर राजभर को ढूंढ रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिस ‘काली कमाई’ के बल पर बड़े-बड़े दावे किए जा रहे थे, वही अब उनके खिलाफ पंचायत बैठा रही है।
अखिलेश के इस हमले का जवाब देते हुए ओमप्रकाश राजभर ने भी एक्स पर तीखी प्रतिक्रिया दी। राजभर ने लिखा कि खनन और गोमती रिवर फ्रंट का पैसा कहां खपा रहे हैं, यह बात डिंपल यादव, रामगोपाल यादव और अखिलेश यादव के अलावा ओमप्रकाश राजभर को भी पता है।

राजभर यहीं नहीं रुके। उन्होंने आगे कहा कि एक खुलासे से आपकी यह हालत हो गई। फाइलों का पूरा पुलिंदा लेकर बैठा हूं। कांप क्यों रहे हो अखिलेश? आंख खोलते ही बलिया फोन मिला दिए न?
दोनों नेताओं के बीच बढ़ती यह सियासी तल्खी आगामी चुनावी समीकरणों और विपक्ष-सरकार के बीच राजनीतिक संघर्ष को और तेज करने के संकेत दे रही है। सोशल मीडिया पर छिड़ी यह जंग अब प्रदेश की राजनीति में चर्चा का बड़ा विषय बन गई है।






