
राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 21 जुलाई 2026ः
दिल्ली में सीजेपी के प्रदर्शन की तरह ही उत्तराखंड के देहरादून में भी सरकारी नौकरियों और पेपर लीक के मुद्दे पर बेरोजगार युवाओं का गुस्सा फूट पड़ा और सड़कों पर उतर आए। उत्तराखंड बेरोजगार संघ के बैनर तले युवाओं ने सचिवालय कूच कर सरकार के खिलाफ हल्ला बोला और सरकार पर युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। इस दौरान युवाओं की पुलिस से झड़प हुई।

प्रदेश भर से बेरोजगार युवा मंगलवार को परेड ग्राउंड में एकत्र हुए। यहां से सरकार विरोधी नारे लगाते हुए उनका जुलूस तिब्बती मार्केट, लैंसडाउन चौक और कनक चौक होते हुए सचिवालय की ओर बढ़ा। सचिवालय से पहले पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर प्रदर्शनकारियों को रोक दिया।
पुलिस के रोकने पर युवाओं ने सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। कुछ युवा बैरिकेडिंग पर भी चढ़ गए। इस दौरान आगे बढ़ने की कोशिश में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की और नोकझोंक भी हुई। इसके बाद प्रदर्शनकारी सड़क पर बैठ गए और अपनी मांगों को लेकर विरोध शुरू कर दिया।

उत्तराखंड बेरोजगार संघ के अध्यक्ष राम कंडवाल ने कहा कि सरकार स्वयं स्वीकार कर चुकी है कि विभिन्न विभागों में करीब 60 हजार पद रिक्त हैं, लेकिन इन पदों पर समयबद्ध तरीके से भर्ती की विज्ञप्तियां जारी नहीं की जा रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जिन भर्तियों की प्रक्रिया शुरू होती है, उन पर भी लगातार सवाल उठते हैं, जिससे युवाओं का भरोसा कमजोर हो रहा है।

उन्होंने कहा कि बार-बार पेपर लीक और भर्ती प्रक्रियाओं में देरी के कारण लाखों युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है। यदि सरकार जल्द सभी रिक्त पदों पर पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया शुरू नहीं करती और लंबित भर्तियों को समयबद्ध तरीके से पूरा नहीं करती है तो उत्तराखंड बेरोजगार संघ प्रदेशव्यापी आंदोलन करेगा।






