
राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 26 अगस्त 2026:
त्योहार नजदीक आते ही खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीम सक्रिय हो गया है। टीम ने मिलावट और जमाखोरी के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी गई है। टीम ने राजधानी देहरादून के साथ-साथ विकासनगर और मसूरी में बड़े पैमाने पर छापेमारी की। इस दौरान नामी खाद्य प्रतिष्ठानों, डेयरी और मिठाई की दुकानों छापेमारी कर 21 खाद्य पदार्थों के नमूने लिए गए और उनको जांच के लिए लैब भेजा गया। टीम को एक दुकान पर छापेमारी के दौरान में बासी व रंगे हुए लड्डू मिले, जिनको नष्ट कराया गया।
विकासनगर क्षेत्र में डेयरियों की जांच की
नगर निगम देहरादून क्षेत्र में टीमों ने चकराता रोड और घंटाघर क्षेत्र स्थित खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। बीकानेरवाला से मावा, रबड़ी, केसर पेड़ा और मक्खन, हल्दीराम से सफेद रसगुल्ला, स्वीट लस्सी व प्लेन बर्फी और कुमार स्वीट शॉप से काजू बर्फी व कलाकंद के कुल नौ नमूने लिए। वहीं, विकासनगर क्षेत्र में टीम ने विभिन्न डेयरी और मिष्ठान प्रतिष्ठानों की जांच की। यहां खुला पनीर, मावा, बेसन बर्फी, मिल्क केक और कलाकंद के कुल नौ नमूने जांच के लिए एकत्र किए गए।

चाय, खुला बेसन और पनीर के लिए नमूने
खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई के दौरान एक दुकान पर करीब तीन किलो बासी व अत्यधिक रंगयुक्त लड्डू पाए गए। खाद्य सुरक्षा मानकों के विपरीत पाए गए इन लड्डुओं को टीम ने मौके पर ही नष्ट करा दिया। मसूरी क्षेत्र में भी अभियान चलाया गया। टीम ने चाय, खुला बेसन और पनीर के तीन नमूने जांच के लिए लिए। इस तरह देहरादून जनपद में अलग-अलग क्षेत्रों से कुल 21 नमूने एकत्र किए गए और जांच के लिए लैब भेजे गए हैं।
खाद्य पदार्थों में मिलावट से समझौता नहीं
जिला प्रशासन ने खाद्य कारोबारियों को चेतावनी दी है कि प्रतिष्ठानों में स्वच्छता, गुणवत्ता और खाद्य सुरक्षा मानकों का अनिवार्य रूप से पालन किया जाए। डीएम डॉ. आशीष चौहान ने कहा कि जनपदवासियों को सुरक्षित, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। खाद्य पदार्थों में मिलावट अथवा गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच और मिलावट के खिलाफ कार्रवाई का अभियान आगे भी जारी रहेगा।






