
गोरखपुर, 30 सितंबर 2026:
सीएम योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर प्रवास के दौरान लगातार दूसरे दिन बुधवार सुबह गोरखनाथ मंदिर में जनता दर्शन किया। अलग-अलग जिलों से पहुंचे करीब 150 लोगों से मुख्यमंत्री ने सीधे मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और भरोसा दिलाया कि किसी को परेशान होने की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार हर व्यक्ति की समस्या का प्रतिबद्धता के साथ समाधान कराएगी।
महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन के बाहर आयोजित जनता दर्शन में लोगों ने राजस्व, जमीन, कानून-व्यवस्था, इलाज और अन्य मामलों से जुड़ी शिकायतें मुख्यमंत्री के सामने रखीं। योगी ने एक-एक प्रार्थना पत्र को संबंधित अधिकारियों को भेजते हुए त्वरित और संतुष्टिपरक निस्तारण के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि बिना किसी भेदभाव के हर व्यक्ति को न्याय मिले और जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ जरूरतमंदों तक पहुंचे। मुख्यमंत्री ने जमीन पर अवैध कब्जे और भू-माफिया से जुड़े मामलों में भी प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए। कानून-व्यवस्था और राजस्व से संबंधित शिकायतों के शीघ्र निस्तारण पर उन्होंने विशेष जोर दिया।

जनता दर्शन में गंभीर बीमारियों से जूझ रहे कुछ लोग आर्थिक सहायता की मांग लेकर भी पहुंचे। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जरूरतमंद मरीजों के उच्चस्तरीय इलाज का इस्टीमेट तत्काल तैयार कराया जाए। इस्टीमेट मिलते ही सरकार विवेकाधीन कोष से इलाज के लिए आवश्यक धनराशि उपलब्ध कराएगी।
गुरु की पुण्यतिथि पर विशेष पूजा, फिर गोसेवा
जनता की फरियादें सुनने से पहले मुख्यमंत्री योगी ने अपने पूज्य गुरुदेव और राष्ट्रसंत ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ की 12वीं पुण्यतिथि पर विशेष पूजा-अर्चना की। गोरक्षपीठ में महंत दिग्विजयनाथ की 57वीं और महंत अवेद्यनाथ की 12वीं पुण्यतिथि के अवसर पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।
हर पीड़ित को न्याय और हर जरूरतमंद को शासन का संबल मिले, यही सुशासन का मूल भाव है।
मुख्यमंत्री श्री @myogiadityanath जी महाराज ने आज @GorakhnathMndr परिसर में आयोजित 'जनता दर्शन' में विभिन्न जनपदों से आए लोगों की समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को प्रत्येक जनसमस्या के त्वरित… pic.twitter.com/zKvQVqC6K7
— Yogi Adityanath Office (@myogioffice) September 30, 2026
इसके बाद मुख्यमंत्री पारंपरिक दिनचर्या के तहत गोरखनाथ मंदिर की गोशाला पहुंचे। उन्होंने गायों और गोवंश को स्नेहपूर्वक गुड़ खिलाया। इस दौरान देश के विभिन्न हिस्सों से आए संतजन भी मौजूद रहे।






