बस्ती, 11 अप्रैल 2026:
बस्ती जिले में दो युवकों के अपहरण का मामला कुछ ही घंटों में सुलझ गया। पुलिस ने वाराणसी में छापेमारी कर दोनों को सुरक्षित छुड़ा लिया और तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई के बाद पीड़ित परिवार ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और पुलिस टीम का आभार जताया।
कोहरसा गांव के रहने वाले अनय उपाध्याय 8 अप्रैल को अपने साथी राहुल उपाध्याय के साथ वाराणसी घूमने निकले थे। 9 अप्रैल को अचानक अनय के फोन से घर पर कॉल आई, जिसमें बताया गया कि दोनों को बंधक बना लिया गया है। कॉल करने वालों ने मोटी रकम की मांग की और पुलिस को खबर देने पर अंजाम भुगतने की धमकी दी।
परिजनों ने तुरंत लालगंज थाने में शिकायत दी। मामला सामने आते ही पुलिस हरकत में आ गई और अपहरण का केस दर्ज कर विशेष टीम वाराणसी रवाना कर दी गई। वाराणसी पुलिस के साथ मिलकर CCTV फुटेज खंगाले गए और मोबाइल लोकेशन ट्रैक की गई।
जांच के दौरान सटीक लोकेशन मिलने पर लालपुर पांडेपुर इलाके के एक रेस्टोरेंट में छापा मारा गया। पुलिस ने जगह को चारों तरफ से घेर लिया, जिससे आरोपियों को संभलने का मौका नहीं मिला। मौके से अनय और राहुल को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
इस दौरान तीन आरोपियों को पकड़ लिया गया। उनकी पहचान झारखंड के शरीयत उल्ला व बिहार के जसवंत सिंह और अभिजीत सिंह के रूप में हुई है। पूछताछ में सामने आया कि यह गिरोह लग्जरी गाड़ियों का इस्तेमाल कर युवाओं को निशाना बनाता था और फिरौती वसूलता था।
पुलिस ने आरोपियों के पास से एक सफेद फॉर्च्यूनर और तीन मोबाइल फोन बरामद किए हैं। अब गिरोह के पुराने रिकॉर्ड और इनके नेटवर्क की जांच की जा रही है। बेटे की सकुशल वापसी के बाद पिता मनोज कुमार उपाध्याय ने सीएम योगी व पुलिस की तेजी की सराहना की। उन्होंने कहा कि समय पर कार्रवाई न होती तो कुछ भी हो सकता था।






