
लखनऊ, 28 सितंबर 2026:
SIR यानी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर कांग्रेस का विरोध प्रदर्शन सोमवार को लखनऊ की सड़कों पर जोरदार तरीके से नजर आया। मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने हजरतगंज स्थित नगर निगम मुख्यालय से चुनाव आयोग कार्यालय तक पैदल मार्च निकाला। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने CEC का पुतला फूंका और उनके इस्तीफे की मांग को लेकर जमकर नारेबाजी की।
कांग्रेस के जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन के आह्वान के तहत हुए इस मार्च में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यकर्ताओं का आरोप है कि SIR की प्रक्रिया के जरिए मतदाता सूची में बड़े स्तर पर बदलाव किया जा रहा है। कांग्रेस ने इसी को लेकर चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए और मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग दोहराई।
प्रदर्शन को देखते हुए चुनाव आयोग कार्यालय के आसपास भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। जैसे ही कांग्रेस कार्यकर्ता कार्यालय की ओर आगे बढ़े वैसे पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोक दिया। इसके बाद कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच नोकझोंक और धक्का-मुक्की शुरू हो गई। कई कार्यकर्ता बैरिकेडिंग पर चढ़ गए और आगे बढ़ने का प्रयास करते नजर आए।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि उन्हें रोकने के दौरान पुलिस ने उनके साथ बदसलूकी की और कुछ कार्यकर्ताओं के कपड़े तक फाड़ दिए। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया और उन्हें ईको गार्डन भेज दिया।

सड़क पर गूंजे इस्तीफे के नारे
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ता मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ लगातार नारेबाजी करते रहे। पार्टी का कहना है कि SIR को लेकर उठ रहे सवालों का जवाब मिलना चाहिए और मतदाता सूची में बदलाव की प्रक्रिया को लेकर पारदर्शिता सुनिश्चित की जानी चाहिए। कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि इन मुद्दों को लेकर उसका विरोध जारी रहेगा।






