लखनऊ, 14 मई 2026:
उत्तर प्रदेश में तेज आंधी-तूफान और बारिश ने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई। अलग-अलग जिलों में पेड़ गिरने, दीवार ढहने, टिन शेड उड़ने और आकाशीय बिजली की घटनाओं में 96 लोगों की मौत हो गई, जबकि 50 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। ग्रामीण इलाकों में कच्चे मकान और टीन की छतें उखड़ गईं, फसलों को भी भारी नुकसान पहुंचा है।
सबसे दर्दनाक घटनाओं में मिर्जापुर और बरेली की तस्वीरें सामने आईं। मिर्जापुर में तेज हवा से उड़कर आए टिन शेड ने दो महिलाओं की गर्दन और सिर पर वार किया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं बरेली में करीब 90 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली आंधी में एक 50 वर्षीय युवक टिन शेड के साथ लगभग 50 फीट हवा में उछल गया और करीब 100 मीटर दूर खेत में जा गिरा। उसका हाथ टूट गया। अस्पताल में इलाज के बाद उसे घर भेज दिया गया।

मिर्जापुर के लालगंज क्षेत्र के कोलकम गांव में नीलम देवी घर के बाहर बैठी थीं। इसी दौरान मकान की टिन की छत उखड़कर सीधे उनकी गर्दन पर आ गिरी। गंभीर चोट लगने से उनकी मौत हो गई। कछवां क्षेत्र के विदापुर गांव में बेइला देवी के सिर में उड़कर आया टिन शेड धंस गया। परिजन उन्हें अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
आंधी-तूफान में इन जिलों में हुईं मौतें
* भदोही – 18
* प्रयागराज – 17
* मिर्जापुर – 15
* फतेहपुर – 10
* उन्नाव – 6
* बदायूं – 6
* प्रतापगढ़ – 4
* बरेली – 4
* सीतापुर – 2
* रायबरेली – 2
* चंदौली – 2
* कानपुर देहात – 2
* हरदोई – 2
* संभल – 2
* कौशांबी – 1
* शाहजहांपुर -1
* सोनभद्र – 1
* लखीमपुर खीरी – 1
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेमौसम बारिश, आंधी और आकाशीय बिजली से हुई जनहानि का संज्ञान लिया है। उन्होंने सभी जिलाधिकारियों और संबंधित विभागों के अधिकारियों को तुरंत प्रभावित इलाकों में पहुंचने के निर्देश दिए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा है कि मृतकों के परिजनों और अन्य पीड़ितों को 24 घंटे के भीतर राहत और मुआवजा उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने राजस्व विभाग, कृषि विभाग और बीमा कंपनियों को नुकसान का सर्वे कर जल्द रिपोर्ट देने के लिए कहा है, ताकि फसलों, मकानों और पशुधन के नुकसान का आकलन कर तत्काल सहायता दी जा सके। योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को अलर्ट मोड में रहने की हिदायत देते हुए कहा कि राहत कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।






