वाराणसी, 24 मई 2026:
लखनऊ में मई माह के भीतर ही 30 करोड़ हाइड्रोपोनिक गांजे की धरपकड़ के बाद तस्करों ने रूट बदल दिया। इस दफा लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर डीआरआई और कस्टम विभाग की टीम ने मादक पदार्थों की तस्करी करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। दोनों बैंकाक की फ्लाइट से उतरे थे। इनके पास से करीब 20 किलो हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद हुआ है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 20 करोड़ रुपए आंकी जा रही है।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मध्य प्रदेश के उज्जैन निवासी शहनाज और यूसुफ के रूप में हुई है। दोनों एयर इंडिया एक्सप्रेस की फ्लाइट आईएक्स-215 से बैंकॉक से वाराणसी पहुंचे थे। शनिवार शाम करीब पांच बजे एयरपोर्ट पर जांच के दौरान टीम को दोनों की गतिविधियां संदिग्ध लगीं। अधिकारियों ने जब उनके बैगों की तलाशी ली तो उसमें बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित हाइड्रोपोनिक गांजा मिला।
प्रारंभिक पूछताछ में पता चला है कि दोनों आरोपी वाराणसी में किसी शख्स को गांजे की खेप सौंपने वाले थे। इसके बाद उनकी मुंबई जाने की तैयारी थी। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि दोनों किस अंतरराष्ट्रीय गिरोह से जुड़े हैं और देश में उनका नेटवर्क किन-किन शहरों तक फैला हुआ है। अधिकारियों ने आरोपियों के मोबाइल फोन, कॉल डिटेल्स और पुरानी यात्रा संबंधी रिकॉर्ड भी खंगालने शुरू कर दिए हैं। डीआरआई और कस्टम विभाग पूरे मामले की कई पहलुओं से जांच कर रहे हैं।

बता दें कि लखनऊ स्थित अमौसी हवाई अड्डे पर मई माह में अलग-अलग तारीखों में एयरपोर्ट सिक्योरिटी व डीआरआई ने लगभग 30 किलो हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद किया। हर दफा मादक पदार्थ बैंकाक से आई फ्लाइट से ही मिला। भारी मात्रा में धरपकड़ के बाद तस्करों ने बच निकलने के लिए वाराणसी एयरपोर्ट को चुना लेकिन नाकामी मिली।






