
लखनऊ, 2 जुलाई 2026:
उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा 2026 (यूपी टीईटी) आज से प्रदेश में कड़े सुरक्षा इंतजामों और हाईटेक निगरानी के बीच शुरू हो गई। तीन दिनों तक चलने वाली यह परीक्षा 60 जिलों के 955 परीक्षा केंद्रों पर पांच पालियों में कराई जा रही है। गुरुवार सुबह से ही परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। बायोमेट्रिक सत्यापन, रेटिना स्कैन, आधार कार्ड की जांच और सघन तलाशी के बाद ही परीक्षार्थियों को प्रवेश दिया गया।
उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग के अनुसार इस वर्ष परीक्षा में 19,94,661 अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। इनमें 17,67,180 अभ्यर्थी उत्तर प्रदेश के और 2,27,481 उम्मीदवार अन्य राज्यों से हैं। परीक्षा में 1,85,791 सेवारत शिक्षक और 18,08,870 नए अभ्यर्थी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।
आयोग के मुताबिक प्राथमिक स्तर (कक्षा 1 से 5) के लिए 3,88,179, उच्च प्राथमिक स्तर (कक्षा 6 से 8) के लिए 8,16,436 तथा दोनों स्तरों के लिए 3,95,023 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया है। परीक्षा कार्यक्रम के अनुसार आज दोनों पालियों और 3 जुलाई की पहली पाली में उच्च प्राथमिक स्तर की परीक्षा होगी। 3 जुलाई की दूसरी पाली और 4 जुलाई की पहली पाली में प्राथमिक स्तर की परीक्षा आयोजित की जाएगी।

आयोग के अध्यक्ष एवं पूर्व डीजीपी डॉ. प्रशान्त कुमार ने बताया कि परीक्षा की शुचिता सुनिश्चित करने के लिए सभी 955 परीक्षा केंद्रों के हर कक्ष और संवेदनशील स्थानों को एआई आधारित सीसीटीवी कैमरों से लैस किया गया है। इन कैमरों को जिला कंट्रोल रूम और आयोग के अत्याधुनिक इंटीग्रेटेड कंट्रोल कमांड रूम से जोड़ा गया है। वहां से हर गतिविधि पर रियल टाइम नजर रखी जा रही है।

उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि नकल कराने, परीक्षा की गोपनीयता भंग करने या किसी भी प्रकार की अनियमितता में शामिल पाए जाने वाले व्यक्तियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। परीक्षा केंद्रों पर मोबाइल फोन सहित सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरण पूरी तरह प्रतिबंधित किए गए हैं। आयोग ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें और केवल आयोग की आधिकारिक वेबसाइट तथा आधिकारिक ‘X’ हैंडल से जारी सूचनाओं पर ही भरोसा करें।






