
गोरखपुर, 23 जुलाई 2026:
यूपी के मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को गोरखनाथ मंदिर में गुरु पूर्णिमा के उपलक्ष्य में आयोजित सप्तदिवसीय श्रीराम कथा के शुभारंभ अवसर पर कहा कि हर सनातनी की सांस-सांस में प्रभु श्रीराम बसते हैं। भगवान श्रीराम का नाम ऐसा है जिसे हर व्यक्ति अपने सबसे निकट महसूस करता है। उन्होंने कहा कि जीवन में भक्ति के बिना केवल अंधकार, अराजकता और अज्ञानता का वास होता है जबकि ज्ञान और भक्ति ही मनुष्य को सही मार्ग दिखाते हैं। यह ज्ञान श्रीराम कथा और श्रीमद्भागवत जैसी पावन कथाओं से प्राप्त होता है।
दिग्विजयनाथ स्मृति भवन सभागार में व्यासपीठ का पूजन करने के बाद श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सनातन धर्म की परंपरा में मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम हर भारतीय के अंतःकरण में श्रद्धा और भक्ति के साथ विराजमान हैं। उन्होंने कहा कि चाहे बालक हो या वृद्ध, गृहस्थ हो या संन्यासी, श्रीराम का नाम हर किसी को आत्मीयता का अनुभव कराता है।
सीएम योगी ने कहा कि देश के किसी भी हिस्से में चले जाइए, हिंदीभाषी हों या अहिंदीभाषी, अभिवादन का सबसे लोकप्रिय स्वर जय श्रीराम है। वहीं पश्चिमी उत्तर प्रदेश, हरियाणा, राजस्थान और पंजाब के अनेक क्षेत्रों में लोग राम-राम जी कहकर एक-दूसरे का स्वागत करते हैं। उनके अनुसार यह केवल अभिवादन नहीं अपितु सनातन संस्कारों और मर्यादा का प्रतीक है। इसने समाज को जोड़ने का कार्य किया है।
मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश को देश की आध्यात्मिक धुरी बताते हुए कहा कि मर्यादा की बात हो तो पूरी दुनिया अयोध्या की ओर देखती है। जीवन के रहस्यों के लिए काशी, भक्ति के लिए मथुरा-वृंदावन और समरसता के लिए प्रयागराज प्रेरणा देते हैं। उन्होंने कहा कि दुनिया चाहे जितना दुष्प्रचार कर ले, सनातन मूल्यों को जानने और समझने का सबसे बड़ा अवसर उत्तर प्रदेश के तीर्थस्थलों में ही मिलता है।

मुख्यमंत्री के संबोधन के बाद प्रयागराज से पधारे कथा व्यास आचार्य शांतनु जी महाराज ने श्रीराम कथा का रसपान कराया। यह कथा प्रतिदिन अपराह्न 3 बजे से शाम 6 बजे तक आयोजित होगी। इससे पूर्व योगी आदित्यनाथ की अगुवाई में मुख्य मंदिर से कथा स्थल तक श्रीरामचरितमानस की पोथी की भव्य शोभायात्रा निकाली गई।
बैंडबाजे, शंखध्वनि और 151 वेदपाठी विद्यार्थियों के वैदिक मंत्रोच्चार के बीच निकली शोभायात्रा ने पूरे परिसर को भक्तिमय बना दिया। कथा स्थल पर व्यासपीठ पूजन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर गोरखनाथ मंदिर के प्रधान पुजारी योगी कमलनाथ, हनुमानगढ़ी अयोध्या के महंत राजूदास, महंत रविंद्रदास, महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, एमएलसी डॉ. धर्मेंद्र सिंह, कई विधायक, साधु-संत और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।






