Uttar Pradesh

गया में रामशिला तैयार, पहले कारसेवक का दर्जा – 1989 में हुआ था राम मंदिर शिलान्यास

अयोध्या,7 फरवरी 2025

कामेश्वर चौपाल, जिन्होंने 9 नवंबर 1989 को अयोध्या में राम मंदिर की नींव की पहली ईंट रखी थी, का गुरुवार रात दिल्ली के गंगाराम अस्पताल में निधन हो गया। बिहार के सुपौल जिले के निवासी चौपाल विश्व हिंदू परिषद (VHP) के सक्रिय सदस्य थे और बाद में भाजपा में शामिल होकर राज्यसभा सदस्य बने। राम मंदिर आंदोलन में उनकी भूमिका अहम रही, जहां उन्होंने ‘राम शिला’ अयोध्या तक पहुंचाने और जनसमर्थन जुटाने में योगदान दिया। गांव-गांव जाकर उन्होंने मंदिर निर्माण के लिए ईंटें और एक रुपये पच्चीस पैसे की दक्षिणा एकत्रित की, जिससे यह एक विशाल जन आंदोलन बना। 1989 में जब उन्हें मंदिर नींव की पहली ईंट रखने का अवसर मिला, तो वे राष्ट्रीय स्तर पर चर्चित हो गए। चौपाल का जीवन एक साधारण स्वयंसेवक से लेकर एक प्रमुख सामाजिक और राजनीतिक व्यक्तित्व बनने की प्रेरणादायक कहानी है।

ये भी पढ़ें  पहलगाम आतंकी घटना: नम आंखों से संगम में विसर्जित हुईं कानपुर के शुभम की अस्थियां

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button