गोरखपुर, 17 मई 2026:
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर प्रवास के दौरान लगातार दूसरे दिन रविवार सुबह जनता दर्शन में आए फरियादियों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान उन्होंने साफ कहा कि हर व्यक्ति की समस्या का हल करना सरकार की जिम्मेदारी है और किसी के साथ भेदभाव नहीं होना चाहिए।
महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन के बाहर आयोजित जनता दर्शन में मुख्यमंत्री ने एक-एक कर सबसे मुलाकात की। उन्होंने सभी प्रार्थना पत्र संबंधित अधिकारियों को भेजते हुए निर्देश दिया कि शिकायतों का निपटारा तेजी से हो और लोगों को संतोषजनक राहत मिले।
जनता दर्शन में एक महिला ने आर्थिक संकट का हवाला देते हुए बेटी की शादी के लिए मदद मांगी। मुख्यमंत्री ने उसे बताया कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत प्रति जोड़े एक लाख रुपये की सहायता दी जाती है। यह जानकारी मिलते ही महिला के चेहरे पर राहत दिखाई दी। उसके अनुरोध पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को जरूरी औपचारिकताएं पूरी कर योजना का लाभ दिलाने के निर्देश दिए।

गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए आर्थिक मदद मांगने पहुंचे लोगों को भी मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि धन की कमी इलाज में बाधा नहीं बनेगी। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जरूरतमंद मरीजों के इलाज का इस्टीमेट तुरंत तैयार कराया जाए, ताकि सरकार बिना देरी आर्थिक सहायता उपलब्ध करा सके।
राजस्व विवाद, जमीन कब्जे और कानून व्यवस्था से जुड़ी शिकायतों पर मुख्यमंत्री ने सख्त रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि भू माफिया और दबंगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए और पात्र लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ हर हाल में मिले।
जनता दर्शन के बाद मुख्यमंत्री मंदिर परिसर में बच्चों से भी मिले। उन्होंने बच्चों को चॉकलेट और खिलौने दिए। दो परिवार छोटे बच्चों को लेकर पहुंचे थे, जिनका मुख्यमंत्री ने अन्नप्राशन संस्कार कराया और उन्हें दुलार किया।
सुबह मुख्यमंत्री ने गुरु गोरखनाथ का दर्शन-पूजन किया और ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ की समाधि पर श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद मंदिर की गोशाला में जाकर गोवंश को गुड़ खिलाया और गर्मी के मौसम में उनकी देखभाल के लिए आवश्यक निर्देश दिए।






