
अयोध्या/लखनऊ, 8 सितंबर 2026:
रामनगरी अयोध्या में विकास के बड़े-बड़े दावों के बीच बदहाल श्मशान घाट का मुद्दा अब सियासी रंग ले चुका है। आम आदमी पार्टी के प्रदेश प्रभारी एवं राज्यसभा सांसद संजय सिंह की ओर से आंदोलन की चेतावनी दिए जाने के महज चार दिन बाद प्रशासन ने श्मशान घाट पर निर्माण कार्य शुरू करा दिया। संजय सिंह ने इसे जनता की जीत बताते हुए उम्मीद जताई है कि अंतिम संस्कार के लिए घाट तक पहुंचने वाले लोगों को अब परेशानी नहीं उठानी पड़ेगी।

दरअसल चार दिन पहले संजय सिंह ने अयोध्या के एक बदहाल श्मशान घाट की तस्वीरें सार्वजनिक करते हुए सरकार और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए थे। उनका कहना था कि जिस अयोध्या में विकास के नाम पर हजारों करोड़ रुपये खर्च किए जाने के दावे किए जा रहे हैं वहां अंतिम यात्रा के रास्ते तक की स्थिति खराब होना बेहद गंभीर है।
संजय सिंह ने आरोप लगाया कि अंतिम संस्कार के लिए जाने वाले परिजनों को श्मशान घाट तक पहुंचने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा। उन्होंने इसे आस्था और मानवता दोनों से जुड़ा मुद्दा बताते हुए प्रशासन को चेतावनी दी थी।
15 दिन का अल्टीमेटम, 4 दिन में ही शुरू हुआ काम
AAP सांसद के मुताबिक उन्होंने प्रशासन को 15 दिनों के भीतर श्मशान घाट का काम शुरू कराने का अल्टीमेटम दिया था। ऐसा नहीं होने पर वह खुद उसी श्मशान घाट पर धरने पर बैठने वाले थे। उन्होंने कहा कि धरने की पूरी तैयारी कर ली गई थी लेकिन प्रशासन ने जनहित की मांग को गंभीरता से लेते हुए चार दिन में ही काम शुरू कर दिया।
चार दिन पहले मैंने अयोध्या के बदहाल श्मशान घाट की तस्वीर डाली थी।
15 दिन बाद धरने की तैयारी थी लेकिन आज काम शुरू हो गया है।
उम्मीद है अंतिम संस्कार के लिए जाने वाले लोगों के लिए शीघ्र रास्ता बन जायेगा। https://t.co/z0mxj5XmqA pic.twitter.com/dw6odvLISD— Sanjay Singh AAP (@SanjayAzadSln) September 8, 2026
अब नजर काम की रफ्तार और गुणवत्ता पर
निर्माण शुरू होने के बाद संजय सिंह ने संतोष जताया लेकिन साथ ही उम्मीद की कि काम केवल दिखावे तक सीमित न रहे और गुणवत्ता के साथ जल्द पूरा किया जाए। उनका कहना है कि अयोध्या जैसे धार्मिक और ऐतिहासिक शहर में अंतिम यात्रा के लिए जाने वाले लोगों को बुनियादी सुविधा के लिए भी संघर्ष नहीं करना पड़ना चाहिए। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी जनता की मूलभूत सुविधाओं और भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी आवाज उठाती रहेगी।






