
सिद्धार्थनगर, 9 अगस्त 2026:
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को सिद्धार्थनगर को 311 करोड़ रुपये की 107 विकास परियोजनाओं की सौगात दी। बांसी स्थित रतन सिंह इंटर कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने लोकार्पण और शिलान्यास किया। अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने जिले के विकास, कानून-व्यवस्था, रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य, किसानों, युवाओं और केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं का जिक्र किया। साथ ही कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर भी तीखा हमला बोला।
आकांक्षी से अग्रणी जिला बना सिद्धार्थनगर
मुख्यमंत्री ने कहा कि कभी विकास के लिए संघर्ष करने वाला सिद्धार्थनगर अब तेजी से आगे बढ़ने वाले जिलों में शामिल हो चुका है। उन्होंने बताया कि नीति आयोग ने जिले को बेहतर प्रदर्शन के लिए 25 करोड़ रुपये का पुरस्कार भी दिया है। उनके मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में जिले ने पिछले कुछ वर्षों में विकास की नई पहचान बनाई है।
भगवान बुद्ध की धरती से जोड़ा विकास का संदेश
योगी ने कहा कि सिद्धार्थनगर भगवान बुद्ध की पावन भूमि है और जिले का नाम भी राजकुमार सिद्धार्थ के नाम पर रखा गया है। उन्होंने कहा कि यह क्षेत्र ढाई हजार साल पहले समृद्ध था, लेकिन आजादी के बाद लंबे समय तक विकास से पीछे रह गया। अब हालात बदल रहे हैं और जिला नई रफ्तार से आगे बढ़ रहा है।
जाति के नाम पर बांटने वालों से होशियार रहिए
योगी ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर जमकर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि इन दलों ने युवाओं, किसानों और गरीबों के लिए ठोस काम नहीं किया। आज दोनों दल समाज को जाति के नाम पर बांटने का पाप फिर कर रहीं हैं। समाजवादी पार्टी के एजेंडे में विकास नहीं है।59 हजार करोड़ से अधिक का अनुपूरक बजट हम लेकर आए थे। उन्होंने उसमें रोड़े अटकाए। पहले प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति खराब थी, जबकि अब माहौल बदल चुका है। अब उत्तर प्रदेश में दंगा और कर्फ्यू जैसी स्थिति नहीं होती। प्रदेश में लोग सुरक्षित माहौल में कारोबार कर रहे हैं और बेटियों की सुरक्षा भी पहले से बेहतर हुई है। उन्होंने दावा किया कि पहले हर जिले में माफिया का दबदबा था, जिसे सरकार ने खत्म किया।
रोजगार और शिक्षा पर दिए आंकड़े
योगी ने कहा कि केंद्र सरकार के कार्यकाल में देशभर में करोड़ों युवाओं को रोजगार और कौशल विकास के अवसर मिले हैं। उन्होंने बताया कि स्किल डेवलपमेंट सेंटर, आईटीआई, आईआईटी, आईआईएम और मेडिकल कॉलेजों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी हुई है। उन्होंने कहा कि अब युवा नौकरी तलाशने वाले नहीं, बल्कि रोजगार देने वाले बन रहे हैं।
मेडिकल, स्टार्टअप व स्किल डेवलपमेंट पर फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि मेडिकल कॉलेजों और एमबीबीएस सीटों की संख्या पहले के मुकाबले काफी बढ़ी है। उन्होंने स्टार्टअप, डिजिटल इंडिया, पीएम इंटर्नशिप, पीएम स्टैंडअप और मिशन रोजगार जैसी योजनाओं का भी जिक्र करते हुए कहा कि युवाओं को बिना भेदभाव के अवसर दिए जा रहे हैं।
यूपी में जल्द आएगी नई युवा नीति
योगी ने कहा कि प्रदेश सरकार जल्द ही नई युवा नीति लागू करेगी। मुख्यमंत्री अभ्युदय कोचिंग योजना के तहत प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए वर्चुअल और फिजिकल क्लास शुरू की जाएंगी। उन्होंने कहा कि डीएम, एसपी, एसडीएम, डॉक्टर और इंजीनियर भी समय निकालकर छात्रों को पढ़ाएंगे।

ITI में AI और ड्रोन टेक्नोलॉजी की पढ़ाई
मुख्यमंत्री ने बताया कि आईटीआई संस्थानों में अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, ड्रोन टेक्नोलॉजी, रोबोटिक्स और 3डी प्रिंटिंग जैसे आधुनिक विषय पढ़ाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि पॉलिटेक्निक संस्थानों को भी इससे जोड़ा जाएगा ताकि युवाओं को नई तकनीक में बेहतर प्रशिक्षण मिल सके। योगी ने कहा कि स्नातक के विद्यार्थियों को टैबलेट दिए जा रहे हैं। साथ ही सरकार जल्द ही स्नातक में पढ़ने वाली छात्राओं को स्कूटी देने की योजना भी शुरू करेगी, जिससे गरीब परिवारों की बेटियां भी आसानी से कॉलेज आ-जा सकें।
काला नमक चावल, इकोनॉमिक कॉरिडोर का जिक्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट योजना के तहत सिद्धार्थनगर का काला नमक चावल देशभर में पहचान बना रहा है और इसकी मांग लगातार बढ़ रही है। उन्होंने बताया कि जिले में फैसिलिटेशन सेंटर और कपिलवस्तु में बुद्ध थीम पार्क व विपश्यना केंद्र के लिए भी धनराशि मंजूर की गई है। इसके अलावा गोरखपुर से सिद्धार्थनगर होते हुए इकोनॉमिक कॉरिडोर बनाने की योजना पर भी काम चल रहा है।






