
वाराणसी, 10 सितंबर 2026:
यूपी के वाराणसी में अस्वस्थ चल रहे डॉ. टीके लहरी से राष्ट्रीय बंग समाज के प्रतिनिधिमंडल ने बीएचयू अस्पताल पहुंचकर मुलाकात की। बातचीत के दौरान डॉ. लहरी ने कहा कि उन्होंने अपना पूरा जीवन इसी अस्पताल में मरीजों की सेवा में बिताया है, इसलिए अंतिम समय तक यहीं रहना चाहते हैं। उन्होंने अस्पताल छोड़कर कहीं जाने की इच्छा नहीं जताई।
इलाज जानकर संतुष्ट हुआ प्रतिनिधिमंडल
राष्ट्रीय बंग समाज के अध्यक्ष देव भट्टाचार्य के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल सर सुंदरलाल अस्पताल पहुंचा। इसमें जग्गनाथ घोष, रवि पाल, हरि प्रसन्न लाहिड़ी, पलाश बापी के साथ वाराणसी में रहने वाले डॉ. लहरी के करीबी रिश्तेदार सिद्धार्थ चक्रवर्ती शामिल रहे। प्रतिनिधिमंडल को अस्पताल के मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ. पुनीत कुमार ने डॉ. लाहिड़ी के इलाज से जुड़ी जानकारी दी। उनके स्वास्थ्य की स्थिति व चल रहे उपचार के बारे में जानकारी मिलने के बाद प्रतिनिधिमंडल संतुष्ट नजर आया।
रिश्तेदार ने साझा की पुरानी यादें
मुलाकात के दौरान सिद्धार्थ चक्रवर्ती ने डॉ. लहरी के साथ बिताए पुराने दिनों की यादें साझा कीं। इससे डॉ. लहरी काफी खुश नजर आए। जनवरी से वाराणसी में रहने वाले उनके रिश्तेदार व बंग समाज के सदस्य नियमित रूप से अस्पताल पहुंचकर उनका हालचाल लेते रहे हैं।
बोले, स्वास्थ्य पहले से बेहतर
डॉ. लहरी ने मुलाकात के दौरान सभी को आशीर्वाद दिया। उन्होंने बताया कि अब उनका स्वास्थ्य पहले की तुलना में बेहतर है। सिद्धार्थ चक्रवर्ती के आग्रह पर उन्होंने अस्पताल में ही रहने की इच्छा जाहिर की। उन्होंने कहा कि जिस जगह रहकर पूरी जिंदगी मरीजों की सेवा की, उसी अस्पताल में अंतिम समय तक रहना चाहते हैं।
अस्पताल के स्टाफ पर जताया भरोसा
बातचीत के दौरान डॉ. लहरी अस्पताल के डॉक्टरों व स्टाफ की देखभाल से संतुष्ट दिखाई दिए। मुलाकात खत्म होने के बाद वह खुद खड़े होकर स्नान करने के लिए गए। इस दौरान अस्पताल का स्टाफ भी उनके साथ मौजूद रहा।
बंग समाज रखेगा लगातार नजर
राष्ट्रीय बंग समाज की ओर से बताया गया कि आगे भी प्रतिनिधिमंडल का कोई न कोई सदस्य नियमित रूप से डॉ. लहरी के स्वास्थ्य की जानकारी लेता रहेगा। समाज के सदस्यों ने उनके इलाज व देखभाल को लेकर अस्पताल प्रशासन से भी संपर्क बनाए रखने की बात कही।






