
राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 7 अगस्त 2026ः
उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश ने एक बार फिर पर्वतीय क्षेत्रों में जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। भूस्खलन और मलबा गिरने से गंगोत्री-यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग आज कई बार बंद हुआ, जबकि प्रदेशभर में 200 से अधिक सड़कें अवरुद्ध होने से बहुत से गांवों का जिला मुख्यालय और बाजारों से संपर्क टूट गया है। मौसम विभाग ने अगले 48 घंटों तक कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। प्रशासन और आपदा प्रबंधन एजेंसियों को अलर्ट रहने को कहा गया है।
राज्य आपदा परिचालन केंद्र की जारी रिपोर्ट के अनुसार पिथौरागढ़ की तेजम तहसील में हल्की वर्षा हुई, जबकि अधिकांश जिलों में बादल छाए रहे। उत्तरकाशी जिले में गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग हेलगुगाड़, नालूपानी, धरासू, डबरानी, गंगनानी और अन्य संवेदनशील स्थानों पर मलबा व बोल्डर गिरने से बार-बार बाधित रहा। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और कांवड़ियों के साथ चारधाम यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ा। गुरुवार देर शाम मलबा हटाने के बाद छोटे वाहनों की आवाजाही आंशिक रूप से बहाल की गई।
यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग भी सिलाई बैंड, दुर्बिल, जंगलचट्टी, स्यानाचट्टी और कल्याणी के पास लगातार भूस्खलन के कारण प्रभावित रहा है। स्यानाचट्टी क्षेत्र में लगातार तीसरे दिन भी मार्ग पूरी तरह सामान्य नहीं हो सका। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण और बीआरओ की टीमें जेसीबी के जरिए मलबा हटाने में जुटी रहीं, लेकिन लगातार हो रही बारिश के कारण राहत कार्य प्रभावित होता रहा।
उधर, बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर कालेश्वर क्षेत्र में भी मलबा आने से कुछ समय के लिए यातायात बाधित हुआ। हालांकि प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मार्ग को खोलने का कार्य शुरू कर दिया। केदारनाथ यात्रा मार्ग पर यातायात सामान्य बना हुआ है। भूस्खलन के चलते गंगोत्री हाईवे का वैकल्पिक मार्ग और गंगोत्री-महिडांडा मार्ग भी प्रभावित हो गया है। इससे स्थानीय ग्रामीणों के साथ आईटीबीपी के जवानों को भी आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

सीएम पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर सभी डीएम, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, बीआरओ और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की टीमें राहत व सड़क बहाली के कार्य में जुटी हैं। प्रशासन ने यात्रियों और स्थानीय लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने, नदी-नालों से दूर रहने और चारधाम यात्रा पर निकलने से पहले मौसम और मार्ग की ताजा जानकारी प्राप्त करने की अपील की है।






