राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 17 जून 2026ः
पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज की अध्यक्षता में हुई उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद (UTDB) की 24वीं बोर्ड बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। इस दौरान कई प्रमुख अंतरराष्ट्रीय आयोजनों सहित 20 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
आईएचएम गढ़ीकैंट स्थित पर्यटन मुख्यालय में बोर्ड बैठक हुई। इसमें सदस्यों व नामित प्रतिनिधियों ने 20 प्रस्तावों को सर्वसम्मति से स्वीकृति प्रदान की। साथ ही वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए कई प्रमुख अंतरराष्ट्रीय आयोजनों को मंजूरी दी गई। इसमें कौसानी में ATOAI राष्ट्रीय सम्मेलन, देहरादून में उत्तराखंड इंटरनेशनल टूरिज्म कान्क्लेव, देहरादून/रामनगर में ग्लोबल फूड फेस्टिवल, टोंस नदी अंतरराष्ट्रीय रिवर राफ्टिंग महोत्सव शामिल हैं।
इन आयोजनों के माध्यम से राज्य की वैश्विक पर्यटन पहचान को मजबूती मिलने की उम्मीद जताई गई। साथ ही साहसिक पर्यटन कैलेंडर 2026-27 के तहत 18 प्रमुख आयोजनों को भी स्वीकृति दी गई है। इनमें नीति एक्सट्रीम अल्ट्रा मैराथन, आदि कैलाश परिक्रमा दौड़, माउंटेन बाइकिंग चैलेंज, राष्ट्रीय कयाकिंग एवं कैनोइंग प्रतियोगिता, औली शीतकालीन महोत्सव, टिहरी एक्रो महोत्सव, कॉर्बेट पैराग्लाइडिंग महोत्सव सहित कई प्रमुख साहसिक और शीतकालीन आयोजन शामिल हैं।
बैठक में त्रियुगीनारायण मंदिर, कार्तिक स्वामी मंदिर व कैंची धाम जैसे प्रमुख आध्यात्मिक स्थलों के विकास के लिए गंतव्य योजना तैयार करने को भी स्वीकृति प्रदान की गई। इन स्थलों पर आधारभूत सुविधाओं, भीड़ प्रबंधन, पार्किंग और तीर्थ सुविधाओं के विस्तार पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। राज्य में साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए 3,121 युवाओं के प्रशिक्षण कार्यक्रम को भी मंजूरी दी गई है। इसमें पर्वतारोहण, स्कीइंग, श्वेत जल कयाकिंग, रिवर राफ्टिंग, पैराग्लाइडिंग एवं उच्च हिमालयी गाइड प्रशिक्षण जैसे कोर्स शामिल हैं।
पर्यटक सुरक्षा को मजबूत करने को गाइडों के लिए अनिवार्य सीपीआर प्रशिक्षण, ट्रेकिंग होमस्टे अनुदान में वृद्धि और रिवर राफ्टिंग एवं कयाकिंग नियम 2014 में संशोधन को भी स्वीकृति दी गई है। इससे राज्य में साहसिक गतिविधियों के दौरान सुरक्षा मानकों को और अधिक मजबूत किया जाएगा। बैठक में मुख्य कार्यपालक अधिकारी एवं सचिव पर्यटन धीराज सिंह गर्ज्याल, अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी एवं प्रबंध निदेशक (जीएमवीएन) संदीप तिवारी, प्रबंध निदेशक (केएमवीएन) विनीत तोमर सहित वित्त, परिवहन एवं ऊर्जा विभागों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।






