
राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 3 जुलाई 2026ः
आम आदमी पार्टी ने महिलाओं के मुद्दे को लेकर धामी सरकार पर हमला बोला है। आप नेता उमा गौड़ सिसोदिया ने महिलाओं के प्रति संवेदनहीन होने का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार महिलाओं को न आर्थिक सम्मान दे पा रही है, न सुरक्षा और न ही बेटियों को न्याय दिलाने में सफल रही है। उन्होंने नीट पेपर लीक से जुड़े मामले में उत्तराखंड की एक छात्रा की आत्महत्या को लेकर मुख्यमंत्री की चुप्पी पर सवाल उठाए।
आप पार्टी की प्रदेश अध्यक्ष उमा गौड़ सिसोदिया ने मीडिया से बातचीत में कहा कि भाजपा ने विधानसभा चुनाव से पहले महिलाओं को आर्थिक सहायता देने का वादा किया था, लेकिन सत्ता में आने के बाद उसे पूरा नहीं किया। उन्होंने कहा कि पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार महिलाओं को सम्मान राशि दे रही है, जबकि उत्तराखंड की महिलाओं को ऐसी कोई सुविधा नहीं मिल रही। उमा गौड़ सिसोदिया ने सरकार से महिलाओं के लिए 1000 रुपये प्रतिमाह महिला सम्मान राशि शुरू करने की मांग की।
अंकिता भंडारी हत्याकांड का उल्लेख करते हुए उमा गौड़ सिसोदिया ने कहा कि घटना को तीन वर्ष से अधिक समय बीतने के बावजूद कथित वीआईपी का नाम सार्वजनिक नहीं किया गया। उन्होंने इस मामले की सीबीआई जांच कराने और फास्ट ट्रैक कोर्ट में छह माह के भीतर सुनवाई पूरी करने की मांग की। आप प्रदेश अध्यक्ष ने नीट पेपर लीक से जुड़े मामले में एक छात्रा की आत्महत्या का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री की चुप्पी पर सवाल उठाए।
उन्होंने मृतक छात्रा के पीड़ित परिवार को 50 लाख रुपये का मुआवजा और एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की। इसके अलावा प्रत्येक जिले में महिला सुरक्षा के लिए कमांड सेंटर स्थापित करने और आपातकालीन सेवा 112 का रिस्पॉन्स टाइम 10 मिनट तय करने की भी मांग की। इस मौके पर सुधा पटवाल, श्याम बाबू पाण्डेय, विपिन खन्ना आदि मौजूद रहे।






