Uttarakhand

ग्रीन चारधाम का असर : केदारनाथ में पहले हफ्ते ही कब्जे में 1 टन प्लास्टिक कचरा, बनेगा कमाई का जरिया

धामी सरकार की पहल से सख्त सफाई मॉडल, 15 श्रेणियों में कचरे की छंटाई, एमआरएफ और कॉम्पेक्टर से पर्यावरण बचाने के साथ पंचायत की आय भी होगी

योगेंद्र मलिक

देहरादून, 30 अप्रैल 2026:

ग्रीन चारधाम यात्रा को लेकर उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी की पहल ने असर दिखाना शुरू कर दिया है। केदारनाथ धाम में यात्रा के पहले ही सप्ताह में नगर पंचायत ने करीब 1000 किलो प्लास्टिक वेस्ट एकत्र कर उसे कॉम्पेक्ट कर लिया है। इसे अब अलग-अलग श्रेणियों में बेचकर राजस्व भी अर्जित किया जाएगा।

गत 22 अप्रैल को कपाट खुलने के साथ ही रिकॉर्ड संख्या में तीर्थयात्री धाम पहुंचे। इससे प्लास्टिक कचरे में तेजी से बढ़ोतरी हुई। हालांकि, नगर पंचायत पहले से पूरी तैयारी में थी। 3 हजार वर्गफीट में स्थापित मटेरियल रिकवरी फैसिलिटी (एमआरएफ) में प्लास्टिक, कांच, टिन और कपड़े समेत कचरे को 15 श्रेणियों में बांटा जा रहा है।

ये भी पढ़ें:

WhatsApp Image 2026-04-30 at 5.51.31 PM

कॉम्पेक्टर मशीन की मदद से प्लास्टिक बोतलों की 30-40 किलो की गठरियां तैयार की जा रही हैं।
अधिशासी अधिकारी नीरज कुकरेती के मुताबिक पहले सप्ताह में ही 1 टन प्लास्टिक इकट्ठा हो चुका है। इसे बेचकर पंचायत को आय होगी। वहीं कांच और टिन को सोनप्रयाग ले जाकर निस्तारित किया जाएगा।

धाम में सफाई व्यवस्था को मजबूत करते हुए 55 सफाईकर्मियों को दो शिफ्टों में तैनात किया गया है। गीले कचरे के लिए पक्के पिट बनाए जा रहे हैं। एक फाउंडेशन के सहयोग से एमआरएफ संचालन हो रहा है। राज्य सरकार सिंगल यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध, पौधरोपण और कलेक्शन बॉक्स जैसे कदमों से हिमालयी पारिस्थितिकी को बचाने में जुटी है। पीएम मोदी ने भी तीर्थयात्रियों से प्लास्टिक मुक्त यात्रा का संकल्प लेने की अपील की है।

READ MORE 

ये भी पढ़ें  गोरखपुर : वकीलों का प्रदर्शन जारी… इंस्पेक्टर के खिलाफ कार्रवाई पर अड़े

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Back to top button
Secret Link