
राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 27 अगस्त 2026:
उत्तराखंड के आयुष विभाग में लंबित मामलों को निपटाने की कवायद तेज हो गई है। आयुष एवं आयुष शिक्षा मंत्री मदन कौशिक ने समीक्षा बैठक में पात्र चिकित्सा अधिकारियों को एक महीने के भीतर ACP का लाभ देने के निर्देश दिए। बैठक में पर्वतीय क्षेत्रों में दो नए आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज खोलने की तैयारी को लेकर भी भूमि की उपलब्धता की प्रक्रिया तेज करने को कहा गया।
लंबित ACP मामलों पर एक महीने में फैसला
मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि वर्ष 2013 और 2015 में नियुक्त या नियमित किए गए जिन चिकित्सा अधिकारियों को ACP यानी Assured Career Progression (आश्वासित करियर प्रगति) के लिए पात्र पाया गया है, उनके मामलों का एक महीने में निस्तारण किया जाए। जिन अधिकारियों की फाइलों में जरूरी दस्तावेज नहीं हैं, उनसे संपर्क कर कागजात मंगाने को कहा गया है।
2024 बैच के डॉक्टरों का जल्द होगा स्थायीकरण
मार्च 2026 में परिवीक्षा अवधि पूरी कर चुके 2024 बैच के चिकित्सा अधिकारियों के स्थायीकरण की प्रक्रिया भी जल्द पूरी करने के निर्देश दिए गए। विभागीय ढांचे में बदलाव से जुड़े प्रस्ताव पर भी तेजी से कार्रवाई करने को कहा गया।

योग अनुदेशकों के मानदेय में बढ़ोतरी का प्रस्ताव
बैठक में योग अनुदेशकों के मानदेय का मुद्दा भी उठा। अभी 250 रुपये प्रति घंटा मानदेय दिया जाता है। इसे बढ़ाकर 500 रुपये प्रति घंटा करने का प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजे जाने की जानकारी अधिकारियों ने दी।
पीपलकोटी में किराये के भवन में चलेगा अस्पताल
पीपलकोटी के जर्जर आयुर्वेद चिकित्सालय के लिए नया भवन किराये पर लेने के निर्देश दिए गए। रुड़की में ऐलोपैथिक विभाग के पुराने भवन को आयुष विभाग को हस्तांतरित करने की प्रक्रिया पूरी होने के बाद वहां 15 बेड का आयुष चिकित्सालय शुरू करने की तैयारी है।
पहाड़ में दो मेडिकल कॉलेज की तैयारी
पर्वतीय क्षेत्रों में आयुष सेवाओं को मजबूत करने के लिए दो आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज स्थापित किए जाने हैं। मंत्री ने इसके लिए जमीन की उपलब्धता से जुड़ी प्रक्रिया जल्द आगे बढ़ाने को कहा। इसके अलावा पंचकर्म सहायकों की नियुक्ति, योग व प्राकृतिक चिकित्सा सहायकों की तैनाती की प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए।
नए पदों व मानदेय से जुड़े मामलों पर भी जोर
आयुर्वेदिक-यूनानी सेवाओं में नए पदों के सृजन, होम्योपैथिक फार्मेसी अधिकारियों के पद बढ़ाने व एमओसीएच के मानदेय में बदलाव से जुड़े प्रस्तावों पर भी कार्रवाई आगे बढ़ाने को कहा गया। समीक्षा बैठक विधानसभा स्थित कार्यालय में हुई। इसमें सचिव रंजना राजगुरु, अपर सचिव विजय कुमार जोगदंडे, संयुक्त सचिव महावीर सिंह, निदेशक आरपी सिंह समेत विभाग के दूसरे अधिकारी मौजूद रहे।






