Gorakhpur

चार दिन से बंद था कमरा, फिर दुर्गंध से खुला राज, सोफे पर मिला इंजीनियर का शव

मकान का दरवाजा अंदर से बंद था, पड़ोसियों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने खुलवाया दरवाजा सोफा सेट पर 45 वर्षीय अभिषेक त्रिपाठी का शव पड़ा मिला, शव तीन से चार दिन पुराना बताया जा रहा, फोरेंसिक टीम ने कमरे से जुटाए जरूरी साक्ष्य, परिवार को सूचना देकर पुलिस ने शुरू की जांच

गोरखपुर, 11 सितंबर 2026:

यूपी के गोरखपुर में खोराबार थाना क्षेत्र के सहारा एस्टेट में शुक्रवार सुबह इंजीनियर अभिषेक त्रिपाठी का शव उनके बंद मकान में मिला। करीब चार दिन से मकान का दरवाजा बंद था। शुक्रवार सुबह कमरे से तेज दुर्गंध आने पर पड़ोसियों को शक हुआ। सूचना मिलने पर पुलिस पहुंची तो सोफा सेट पर 45 वर्षीय अभिषेक का शव पड़ा था।

चार दिन से नहीं दिखे थे अभिषेक

अभिषेक त्रिपाठी सहारा एस्टेट के मल्हार स्थित मकान नंबर 2/202 में रहते थे। वह मूल रूप से देवरिया जिले के रहने वाले थे। आसपास के लोगों के मुताबिक, पिछले करीब चार दिनों से मकान बंद था। अभिषेक भी इस दौरान बाहर दिखाई नहीं दिए थे।

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दुर्गंध आने पर पड़ोसियों ने दी सूचना

शुक्रवार सुबह मकान से तेज दुर्गंध आने लगी। पड़ोसियों को किसी अनहोनी की आशंका हुई तो उन्होंने पुलिस को सूचना दी। खोराबार पुलिस मौके पर पहुंची। बताया जा रहा है कि कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। पुलिस ने दरवाजा खुलवाकर अंदर प्रवेश किया तो सोफा सेट पर अभिषेक का शव मिला।

फोरेंसिक टीम ने कमरे की छानबीन की

शव मिलने की सूचना पर फोरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंची। टीम ने कमरे की बारीकी से जांच की, मौके से जरूरी साक्ष्य जुटाए। पुलिस यह भी देख रही है कि कमरे में संघर्ष के कोई निशान या दूसरी संदिग्ध स्थिति तो नहीं थी।

पोस्टमार्टम से साफ होगी मौत की वजह

पुलिस ने अभिषेक के परिवार को घटना की जानकारी दे दी है। परिवार के आने का इंतजार किया जा रहा है। आसपास के लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। सीओ कैंट कीर्ति निधि आनंद ने बताया कि दरवाजा अंदर से बंद था। सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असली वजह साफ होगी।

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Anand Sharma

आनंद शर्मा 30 वर्ष से अधिक समय से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। ‘राष्ट्रीय सहारा’ व ‘हिंदुस्तान’ दैनिक समाचार पत्र में फील्ड रिपोर्टिंग के साथ सम्पादन का काम भी चलता रहा। जिला स्तर पर संवाददाता और ब्यूरो प्रमुख के रूप में लंबे समय तक सक्रिय रहे। इस दौरान विख्यात… More »

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