Uttarakhand

डेटा से समाधान तक पहुंचेगा AI, मंत्री बोले- IT कर्मियों को करें ट्रेंड, साइबर सुरक्षा होगी मजबूत

प्रदीप बत्रा ने आईटीडीए के डेटा व साइबर सिक्योरिटी से जुड़े मामलों की समीक्षा की, सेंटर को हाईटेक बनाने के दिए निर्देश, अल्मोड़ा-चंपावत में निर्माणाधीन साइंस सिटी व देहरादून में बन रहे साइंस एंड इनिशिएटिव सेंटर की जानी प्रगति

राजकिशोर तिवारी

देहरादून, 21 सितंबर 2026ः

उत्तराखंड में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के इस्तेमाल को डेटा संग्रहण से आगे बढ़ाकर विभिन्न क्षेत्रों की समस्याओं के समाधान का माध्यम बनाया जाएगा। सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री प्रदीप बत्रा ने सोमवार को विधानसभा स्थित सभागार में अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक में आईटी, डेटा सेंटर, साइबर सिक्योरिटी और एआई के उपयोग को लेकर मंथन किया। मंत्री ने आईटीडीए के डेटा और साइबर सिक्योरिटी से जुड़े मामलों की समीक्षा करते हुए नए डेटा सेंटर को अत्याधुनिक तकनीकों से लैस करने को कहा। उन्होंने कहा कि बदलते तकनीकी परिवेश में एआई की भूमिका लगातार बढ़ रही है। ऐसे में इसका उपयोग केवल डेटा कलेक्शन तक सीमित न रहकर शिक्षा, प्रशासन और अन्य क्षेत्रों में व्यावहारिक समाधान उपलब्ध कराने के लिए किया जाना चाहिए।

बच्चों को मोबाइल ऐप से मिलेगी प्रैक्टिकल सुविधा

बैठक में उत्तराखंड राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (यूकॉस्ट) की योजनाओं की भी समीक्षा हुई। मंत्री ने अल्मोड़ा और चंपावत में निर्माणाधीन साइंस सिटी व देहरादून में बन रहे साइंस एंड इनिशिएटिव सेंटर की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने साइंस सिटी के तहत स्थापित की जा रही विभिन्न लैबों का प्रदेश के विकास और बच्चों की शिक्षा में प्रभावी इस्तेमाल सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने कहा कि इन लैबों से प्रदेश के बच्चों को मोबाइल ऐप के माध्यम से प्रैक्टिकल शिक्षा और अन्य उपयोगी सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में काम किया जाए।

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पाइन वुड से रोजगार की तलाश

पाइन वुड से तैयार उत्पादों के स्थानीय उपयोग और ग्रामीण रोजगार की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई। महिला समूहों व ग्रामीणों की भागीदारी से पाइन वुड का ईंधन एवं कोयले के रूप में उपयोग कर स्वरोजगार के अवसर विकसित करने की संभावनाओं पर अधिकारियों से विचार-विमर्श किया गया। मंत्री ने आईटी क्षेत्र में कार्यरत कार्मिकों के अनिवार्य प्रशिक्षण पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि एआई और नई तकनीकों के अनुरूप कार्मिकों को लगातार प्रशिक्षित किया जाए, ताकि तकनीकी दक्षता बढ़ाने के साथ-साथ प्रदेश की साइबर सिक्योरिटी को भी और मजबूत बनाया जा सके। इस अवसर पर सचिव पंकज कुमार पाण्डेय, अपर सचिव गिरीधारी सिंह रावत, महानिदेशक दुर्गेश पंत समेत अन्य विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।

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Anurag Chaturvedi

अनुराग चतुर्वेदी पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता, लेखन और संपादन के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। उन्होंने विभिन्न प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए खबरों को निष्पक्षता और गहराई के साथ जनता के सामने रखा है।

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