Lucknow Development : वरुण विहार व नैमिष नगर का होगा विस्तार, LDA बोर्ड ने दी फेज-2 के लेआउट को मंजूरी
शहर की दोनों आवासीय योजनाओं के लिए 1000 करोड़ रुपये तक के ऋण का इस्तेमाल कर सकेगा प्राधिकरण, कृषि भूमि का आवासीय भू-उपयोग बदलने के प्रस्ताव भी स्वीकृत

लखनऊ, 3 नवंबर 2026:
यूपी की राजधानी लखनऊ में आवासीय विकास को गति देने के लिए लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) वरुण विहार और नैमिष नगर आवासीय योजनाओं का विस्तार करेगा। मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना के तहत विकसित की जा रही इन दोनों योजनाओं के फेज-2 के ले-आउट प्लान को एलडीए बोर्ड ने मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही अधिग्रहीत कृषि भूमि का भू-उपयोग आवासीय किए जाने के प्रस्तावों को भी स्वीकृति प्रदान की गई है।
लखनऊ मंडल के कमिश्नर विजय विश्वास पंत की अध्यक्षता में हुई बोर्ड बैठक में एलडीए की विभिन्न आवासीय एवं विकास परियोजनाओं की समीक्षा की गई। एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने बताया कि वरुण विहार और नैमिष नगर में विकास कार्यों को गति देने के लिए बैंक ऑफ इंडिया की इमर्जिंग कॉरपोरेट क्रेडिट ब्रांच से 1000 करोड़ रुपये के ऋण का आवश्यकतानुसार इस्तेमाल किया जा सकता है।
प्रबंध नगर योजना पर भी हुई चर्चा
प्रबंध नगर योजना में किसानों को प्रतिकर भुगतान के प्रस्ताव पर बोर्ड ने निर्देश दिया कि एलडीए के अग्रिम आदेश और एनजीटी समेत सभी संबंधित मुकदमों का उल्लेख करते हुए समाधान के बाद मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना के तहत वित्त पोषण के लिए शासन से अनुरोध किया जाए। प्रदेश शासन से योजना की स्वीकृति नहीं मिलने की स्थिति में इसके क्रियान्वयन के लिए एलडीए उपाध्यक्ष को अधिकृत करने के निर्देश भी दिए गए।
लैंड पूलिंग से भू-स्वामियों को मिलेगा 50 प्रतिशत हिस्सा
मंडलायुक्त ने कहा कि लैंड पूलिंग नीति के तहत जमीन देने वाले भू-स्वामियों को कई गुना अधिक लाभ मिलेगा। आईटी सिटी और वेलनेस सिटी योजना में लैंड पूलिंग के माध्यम से प्राप्त 10 एकड़ या उससे अधिक भूमि के सापेक्ष भू-स्वामियों को 50 प्रतिशत अविकसित भूमि वापस की जाएगी।
बैठक में भारत सरकार की अर्बन चैलेंज फंड योजना के तहत वरुण विहार टाउनशिप, कैलाश कुंज कॉमर्शियल कॉम्प्लेक्स के पुनर्विकास, पत्रकारपुरम में पार्किंग, हनुमान सेतु स्थित सार्वजनिक पुस्तकालय और कानपुर रोड के ईडब्ल्यूएस सेक्टर-जी की परियोजनाओं पर भी चर्चा हुई।
इन योजनाओं के संशोधन एवं पुनर्नियोजन के प्रस्तावों को मंजूरी
इसके अलावा प्रियदर्शिनी योजना, नंदाखेड़ा कॉम्प्लेक्स और तालकटोरा रोड, ऐशबाग के ले-आउट में संशोधन एवं पुनर्नियोजन के प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। अंसल प्रॉपर्टीज की हाईटेक टाउनशिप में नियमानुसार कार्य कराए जाने की जानकारी दी गई। बैठक में एलडीए सचिव सुशील प्रताप सिंह, अपर सचिव ज्ञानेन्द्र वर्मा, सीपी त्रिपाठी, वित्त नियंत्रक अनिल कुमार सिंह, मुख्य नगर नियोजक केके गौतम, प्राधिकरण बोर्ड के सदस्य समेत अन्य अधिकारी व अभियंता उपस्थित रहे।






