गोंडा, 6 जून 2026:
बलरामपुर के शक्तिपीठ मां पाटेश्वरी देवी मंदिर में पूजा-अर्चना और गोसेवा के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को गोंडा पहुंचे। उन्होंने 516 करोड़ रुपये की लागत वाली 262 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। जनसभा में मुख्यमंत्री ने कानून व्यवस्था, विकास, निवेश और अयोध्या को लेकर तीखे तेवर दिखाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में पर्व और उत्सव शांति से संपन्न हों, यह सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि अगर कोई उत्सव के रंग में भंग डालने की कोशिश करेगा तो उसका वर्तमान ही नहीं, भविष्य भी स्वाहा हो जाएगा। अब निवेश सिर्फ गौतम बुद्ध नगर, गाजियाबाद और मेरठ तक सीमित नहीं है। गोंडा समेत पूर्वांचल और तराई के जिलों में भी उद्योग आ रहे हैं, जिससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खुल रहे हैं।
उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज कभी गोंडा का सपना था, जो अब हकीकत बन चुका है। जिले में इंजीनियरिंग कॉलेज, कृषि महाविद्यालय और मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय जैसी सुविधाएं भी विकसित की जा रही हैं। सरकार की योजनाओं का लाभ बिना किसी भेदभाव के हर पात्र व्यक्ति तक पहुंच रहा है। किसी की जाति, वर्ग या मत-संप्रदाय नहीं देखा जा रहा, सिर्फ पात्रता देखी जा रही है।

मुख्यमंत्री ने पिछली सरकारों पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि 2017 से पहले विकास कुछ इलाकों तक सीमित था, जबकि उनकी सरकार ने प्रदेश के हर हिस्से में मेडिकल कॉलेज, सड़क, अस्पताल और बुनियादी ढांचे का विस्तार किया। उन्होंने कहा कि आज शायद ही कोई जिला ऐसा बचा हो जहां मेडिकल कॉलेज का निर्माण न हो रहा हो।
अयोध्या का जिक्र करते हुए योगी ने कहा कि एक दौर था जब रामभक्तों को वहां जाने में मुश्किलें होती थीं। आज नई अयोध्या पूरी दुनिया के सामने है। उन्होंने कहा कि अब अयोध्या में रामभक्तों का सम्मान है और भव्य राम मंदिर करोड़ों लोगों की आस्था का केंद्र बन चुका है। वहां कोई रामद्रोही घुस नहीं सकता।
मुख्यमंत्री ने कहा कि गोंडा की पहचान मेहनती किसानों, हुनरमंद कारीगरों, प्रतिभाशाली युवाओं और स्वतंत्रता आंदोलन की विरासत से जुड़ी रही है, लेकिन तुष्टिकरण, अराजकता और भाई-भतीजावाद ने जिले के विकास को लंबे समय तक पीछे धकेले रखा। इसका खामियाजा यहां की पीढ़ियों को भुगतना पड़ा।
उन्होंने दावा किया कि आज उत्तर प्रदेश की तस्वीर बदल चुकी है। प्रदेश का नाम आते ही लोग दूरी नहीं बनाते, बल्कि जुड़ना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि अयोध्या के पड़ोसी जिले के रूप में गोंडा की पहचान भी नई मजबूती के साथ उभर रही है।
योगी ने कहा कि 2015-16 के दौरान गोंडा में दुर्गा पूजा और अन्य आयोजनों के दौरान तनाव की घटनाएं होती थीं। उस समय दंगाइयों को राजनीतिक संरक्षण मिलता था, जिससे निवेश और विकास दोनों प्रभावित होते थे। उन्होंने कहा कि अब प्रदेश में ऐसा माहौल नहीं बनने दिया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के 75 जिलों, 350 तहसीलों, 825 विकास खंडों, 762 नगर निकायों, 14 हजार वार्डों और 57 हजार से अधिक ग्राम पंचायतों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि आज उत्तर प्रदेश में सुरक्षा और सुशासन का माहौल है, जिसकी वजह से निवेश बढ़ रहा है और युवाओं को रोजगार मिल रहा है। उन्होंने कहा कि हाल ही में हुई उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती में गोंडा, बहराइच और बलरामपुर के बड़ी संख्या में युवाओं को अवसर मिला है। सरकार की कोशिश है कि विकास और रोजगार दोनों का लाभ गांव-गांव तक पहुंचे।
विकास परियोजनाओं का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि कटरा विधानसभा क्षेत्र में 256 करोड़ रुपये और करनैलगंज विधानसभा क्षेत्र में 260 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया गया है। उन्होंने कहा कि अब दो-दो विधानसभा क्षेत्रों को जोड़कर विकास कार्यों की नियमित समीक्षा की जाएगी और परियोजनाओं को तेजी से आगे बढ़ाया जाएगा।
कार्यक्रम में कैसरगंज सांसद करण भूषण, करनैलगंज और कटरा के विधायक समेत कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। मंच से करण भूषण ने मुख्यमंत्री को जन्मदिन की शुभकामनाएं देते हुए उन्हें अपना मार्गदर्शक और आदर्श बताया।






