Uttarakhand

बदरीनाथ चढ़ावा चोरी मामला: चुनौती स्वीकार, बीकेटीसी अध्यक्ष बोले- तारीख-समय तय करें

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष एवं समिति के पूर्व अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने दी थी खुली बहस की चुनौती, हेमंत द्विवेदी ने कहा- बदरीनाथ या केदारनाथ धाम में हो यह बहस, कांग्रेस पर लगाया प्रकरण को राजनीतिक रंग देने का आरोप

योगेंद्र मलिक

देहरादून, 15 जुलाई 2026ः

बदरीनाथ चढ़ावा चोरी मामले में उत्तराखंड की सियासत गरमाई हुई है। कांग्रेस लगातार धामी सरकार पर हमला कर रही है। इसी बीच बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष एवं समिति के पूर्व अध्यक्ष गणेश गोदियाल के बीच चढ़ावा प्रकरण को लेकर आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। हेमंत द्विवेदी ने गोदियाल की चुनौती स्वीकार करते हुए कहा कि वह चाहें तो बदरीनाथ या केदारनाथ धाम में आकर खुली बहस करें। इसके लिए वह तारीख व समय तय कर लें।

बता दें कि हाल ही में बीकेटीसी अध्यक्ष ने आरोप लगाया था कि गणेश गोदियाल के अध्यक्षीय कार्यकाल में पद का दुरुपयोग हुआ और बदरीनाथ मंदिर के चढ़ावा मामले में गिरफ्तार बीकेटीसी के निलंबित कर्मी प्रमोद नौटियाल की नियुक्ति एवं बाद में नियमितीकरण उसी दौरान किया गया था। इसके जवाब में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने प्रेस क्लब में खुली बहस के लिए हेमंत द्विवेदी को आमंत्रित किया था।

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बीकेटीसी कार्यकाल में बुधवार को मीडिया से बातचीत में हेमंत द्विवेदी ने कांग्रेस पर पूरे प्रकरण को राजनीतिक रंग देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि समिति ने मामले में तत्काल एफआईआर दर्ज कराई और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की। इसके चलते आरोपी जेल में है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आरोपी के प्रति समिति की कोई सहानुभूति नहीं है और जांच रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के विरुद्ध और भी कठोर कार्रवाई की जाएगी।

हेमंत द्विवेदी ने दावा किया कि 28 जून 2014 को आरोपी प्रमोद नौटियाल को इंटरनेट कोऑर्डिनेटर पद पर नियमित किया गया, जबकि बीकेटीसी अधिनियम में समायोजन का कोई प्रावधान नहीं है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में 34 पद शासन से स्वीकृत हुए थे, जिन्हें समायोजित किया गया। साथ ही आरोप लगाया कि आरोपी के गणेश गोदियाल से पुराने संबंध रहे हैं।

बीकेटीसी अध्यक्ष ने कहा कि गणना एवं प्रोटोकॉल अधिकारी की जिम्मेदारी उन्होंने किसी व्यक्ति विशेष को नहीं दी, बल्कि रोस्टर प्रणाली के तहत जिम्मेदारियां तय होती हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के कार्यकाल में बिना कोरम पूरा किए बिनसर मंदिर व सड़क निर्माण के लिए धन स्वीकृत किया गया। हेमंत द्विवेदी ने कहा कि गोदियाल बहस करना चाहते हैं तो वे बदरीनाथ या केदारनाथ धाम में तिथि और समय तय करें, वह खुली बहस के लिए तैयार हैं।

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Anurag Chaturvedi

अनुराग चतुर्वेदी पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता, लेखन और संपादन के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। उन्होंने विभिन्न प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए खबरों को निष्पक्षता और गहराई के साथ जनता के सामने रखा है।

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