
प्रमोद कुमार
मलिहाबाद (लखनऊ), 20 अगस्त 2026:
यूपी की राजधानी लखनऊ के काकोरी कस्बे में स्थित शीतला मंदिर के जीर्णोद्धार को लेकर आयोजित भूमि पूजन कार्यक्रम का विवाद गरमाता जा रहा है। भाजपा की स्थानीय दलित विधायक जय देवी कौशल के साथ कथित जातिगत भेदभाव और उन्हें कार्यक्रम में शामिल होने से रोकने के आरोपों ने राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है। विधायक के आरोपों के बाद उनके समर्थकों में भी नाराजगी देखने को मिल रही है।
इस मामले में विधायक जय देवी के पति, भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री कौशल किशोर ने पूरे घटनाक्रम पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कथित कृत्य को बेहद निंदनीय बताते हुए इसकी कड़ी आलोचना की और निष्पक्ष जांच की मांग उठाई।
कौशल किशोर ने कहा कि पासी समाज ने सनातन धर्म की रक्षा के लिए संघर्ष किया है। कुर्बानियां दीं और प्रताड़ना भी झेली है। ऐसे समाज से आने वाली जनप्रतिनिधि को मंदिर के जीर्णोद्धार जैसे धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होने से रोकना बेहद गंभीर विषय है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह सब सनातन धर्म को कमजोर करने की साजिश का हिस्सा है। इसे जातिगत भेदभाव की ओछी हरकत करार दिया।
उन्होंने कहा कि मंदिर जैसे पवित्र स्थल पर पूर्व निर्धारित धार्मिक कार्यक्रम को बाधित करना और विधायक को अपमानित करना किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं हो सकता। उनके मुताबिक यह सिर्फ पासी समाज का अपमान नहीं बल्कि सनातन मूल्यों पर भी प्रहार है।

कौशल किशोर ने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई हो जिससे भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।






